गालूडीह.
गालूडीह में कुड़मी आंदोलन के दौरान आपसी मतभेद दिखा. दरअसल, हरमोहन महतो के वाहन को पुलिस ने जब्त कर लिया. ट्रैक खाली करने की शर्त पर वाहन छोड़ने की बात कही. इसपर हरमोहन महतो कुछ देर बाद जाम हटाने पर राजी हो गये. घाटशिला एसडीओ सुनील चंद्र को ज्ञापन सौंपा. वहीं, फणि भूषण महतो, लालटू महतो आदि जाम हटाने पर राजी नहीं हुए. इस बीच लोगों का हुजूम जुटने पर आंदोलन बड़ा होता गया. हरमोहन महतो का कहना था कि हमारी तबीयत ठीक नहीं है. आंख का ऑपरेशन हुआ है. ज्ञापन सौंप चुके हैं. कुड़मी को एसटी का दर्जा देने, सरना धर्म कोड लागू करने व कुड़माली भाषा को मान्यता देने की मांग पुरानी है. देश के गृह मंत्री के नाम और राज्य के सीएम हेमंत सोरन के नाम एसडीओ को ज्ञापन सौंपा गया. वहीं, फणि भूषण महतो और लालटू महतो ने कहा कि कुड़मी समाज आजादी के बाद से छले जा रहे हैं. सांकेतिक धरना देकर नहीं उठेंगे. केंद्रीय कमेटी से जब तक निर्देश नहीं आयेगा, तब तक कोई समझौता नहीं कर सकते. लोग ट्रैक पर शाम तक जमे थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
