East Singhbhum News : मऊभंडार में नयी सड़क से स्पीड ब्रेकर गायब, ग्रामीणों में आक्रोश

कालीकरण के बाद 60 से 80 की स्पीड से दौड़ रहे वाहन, रोक लगे

घाटशिला. मऊभंडार टाउनशिप में पथ निर्माण विभाग (आरसीडी) द्वारा हाल ही में करायी गयी सड़क की मरम्मत स्थानीय लोगों के लिए सुविधा के बजाय मुसीबत बन गयी है. हाथीजोबड़ा पुल से आंबेडकर चौक तक सड़क के कालीकरण के दौरान पुराने स्पीड ब्रेकरों को हटा दिया गया है. नतीजतन, इस मार्ग पर वाहनों की रफ्तार काफी तेज हो गयी है. स्थानीय निवासियों के अनुसार नई सड़क बनने के बाद अब तक 5 से अधिक सड़क हादसे हो चुके हैं, जिनमें एक व्यक्ति की जान भी जा चुकी है. स्थानीय निवासी लक्ष्मी मुखी, मौली सिन्हा और शांति करवा ने बताया कि पहले हरिजन बस्ती और शिव मंदिर के पास स्पीड ब्रेकर होने से वाहन धीमे चलते थे. अब सड़क चिकनी होने के कारण चालक 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से वाहन दौड़ा रहे हैं. स्थिति यह है कि बुजुर्गों और बच्चों का पैदल सड़क पार करना भी मुश्किल हो गया है. मंगलवार शाम भी एक दुर्घटना हुई जिसमें एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया.

सड़क की ऊंचाई से ग्रामीणों को हो रही परेशानी:

ग्रामीण चकनलाल सोय और भीमा करवा ने कहा कि सड़क को काफी ऊंचा बना दिया गया है. पर किनारों पर ढलान नहीं दी गयी है. इससे वाहन फिसलने का खतरा बना रहता है. रिहायशी इलाका होने के कारण छोटे बच्चे हर समय खतरे के साये में रहते हैं. ग्रामीणों ने प्रशासन, कंपनी प्रबंधक और संबंधित विभाग से मांग की है कि पुराने स्थानों पर तत्काल स्पीड ब्रेकर दोबारा बनाये जायें. दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में चेतावनी बोर्ड लगाये जायें, सड़क के किनारों को दुरुस्त किया जाए ताकि वाहन न फिसले. इस मौके पर जोसेफ लॉरेंस, बाबून सिन्हा, शंकर बांद्रा, नीतू बेहरा, अनीता मुखी व नूरजहां बीबी समेत दर्जनों ग्रामीण उपस्थित थे. सभी ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सुरक्षा उपाय नहीं किए गए, तो बड़े हादसे को टाला नहीं जा सकेगा.

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Published by: Atul pathak

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