घाटशिला. घाटशिला अनुमंडल अस्पताल की व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल उठे हैं. बुधवार देर रात घाटशिला के राजस्टेट निवासी और झामुमो संगठन सचिव मो. जलील अपनी गर्भवती पुत्री नूरजहां परवीन को लेकर अस्पताल पहुंचे थे. परिजनों का आरोप है कि प्रसव केंद्र के कर्मियों ने सहिया को साथ न लाने और आवश्यक कागजात न होने की बात कहकर मरीज को भर्ती करने से मना कर दिया. मो. जलील के अनुसार, उन्होंने कर्मियों से सहिया से फोन पर बात कर लेने का अनुरोध किया था, क्योंकि वह किसी कार्यक्रम में गयी हुई थी, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गयी. इससे नाराज होकर मो. जलील अनुमंडल अस्पताल के गेट के सामने ही धरने पर बैठ गये और करीब दो घंटे तक विरोध जताया. बाद में परिजन मरीज को एक निजी नर्सिंग होम ले गये, जहां रात करीब 1:20 बजे महिला ने सुरक्षित रूप से शिशु को जन्म दिया.
डीसी व स्वास्थ्य मंत्री से होगी शिकायत
गुरुवार को झामुमो कोषाध्यक्ष बाबूलाल मुर्मू और मुस्लिम मोर्चा के अध्यक्ष शेख अकरुद्दीन ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और घटना पर नाराजगी जतायी. उन्होंने कहा कि इस गंभीर मामले की शिकायत स्वास्थ्य मंत्री और उपायुक्त (डीसी) से की जायेगी.– बुधवार रात की घटना की विशेष जानकारी नहीं है. उस समय ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर व नर्स ही पूरे मामले की सही जानकारी दे सकते हैं.
