स्वॉन गोल्ड कंपनी का नाम बदल कर इस्टर्न गोल्ड फिल्ड लिमिटेड करने से आइआरएल की परेशानी बढ़ी
मुसाबनी : स्वॉन गोल्ड कंपनी का नाम बदल कर इस्टर्न गोल्ड फिल्ड लिमिटेड किए जाने के कारण सब कंसंट्रेट कंपनी आइआरएल की परेशानी बढ़ गयी है.आइआरएल द्वारा उत्पादित कंसंट्रेट को एचसीएल-आइसीसी ने लेने से मना कर दिया है. इसके कारण मई माह में सुरदा खदान से उत्पादित करीब आठ सौ टन कंसंट्रेट मुसाबनी प्लांट में जमा है. सोमवार को आइआरएल के इडी बीएन शुक्ला के निर्देश पर कंसंट्रेट लाद कर दो हाइवा को मऊभंडार वर्क्स भेजने का प्रयास किया गया. लेकिन एचसीएल द्वारा गेट पास नहीं देने के कारण कंसंट्रेट
लदे हाइवा गेट नंबर एक के समीप सुबह से खड़े रहे समाचार लिखे जाने तक गेट पास नहीं मिला था और दोनों लोडेड हाइवा गेट के समीप खड़े थे. हाइवा संख्या जेएच 05डब्लयू/6428 में 28.390 टन तथा जेएच 05डब्ल्यू /5395 में 29.260 टन कंसंट्रेट लदा है. दोनों हाइवा गेट पास नहीं मिलने के कारण खड़े हैं. कंसंट्रेट को आइसीसी प्रबंधन द्वारा लेने से इनकार करने पर आइआरएल प्रबंधन ने रोष व्यक्त किया है. इडी बीएन शुक्ला के अनुसार कान्ट्रैक्ट के अनुसार कंसंट्रेट नहीं लेने से जहां आइआरएल को आर्थिक परेशानी हो रही है. वहीं इससे क्षेत्र में औद्योगिक शांति भंग होने की आशंका है. श्री शुक्ला के अनुसार प्लांट में कंसंट्रेट यार्ड में कंसंट्रेट रखने में भी परेशानी हो रही है.
मुख्यालय से नयी कंपनी के नाम पर आपूर्ति किए गये कंसंट्रेंट को नहीं लेने का आदेश है. आइआरएल स्वॉन गोल्ड के नाम से कंसंट्रेट देने पर कंसंट्रेट लेने की बात कही. एचसीएल मुख्यालय द्वारा जब तक नयी कंपनी के नाम से कंसंट्रेट लेने का आदेश नहीं मिलता तब तक आइआरएल का कंसंट्रेट नहीं ले सकते हैं.
डीके चौधरी, जीएम, आइसीसी
