रामगढ़. प्रखंड के कांजो पंचायत के लीलातरी गांव की आंगनबाड़ी सेविका के चयन में सारे नियम को ताक में रखकर उसी आंगनबाड़ी केंद्र की सहायिका तलिया मरांडी को बहाली करने मामले में गांव की मेरी हांसदा ने उपायुक्त से न्याय की गुहार लगायी है. हांसदा ने उसके शैक्षणिक प्रमाण पत्रों की जांच करने की मांग की है. बताया कि 14 अप्रैल को लीलातरी गांव में ग्रामसभा हुई थी, जिसमें 5 महिलाओं ने आवेदिन दिया था, इसमें सुनीता सोरेन, आशा देवी, शांति मरांडी के पोषक क्षेत्र का नहीं रहने के कारण आवेदन रद्द कर दिया गया था. उनका दावा है कि वह पोषक क्षेत्र की है और गांव की बहू होने के साथ-साथ जैक से मैट्रिक पास हैं, जबकि सहायिका से बनी सेविका तलीया मरांडी का मैट्रिक व इंटर का प्रमाण पत्र देवघर विद्यापीठ का है. उन्होंने प्रमाण पत्र की जांच की मांग करते हुए कहा कि तलिया मरांडी जब सहायिका पद में बहाल हुई उस समय वह इंटर पास थी, तो सविका में बहाल क्यों नहीं हुई.
चयनित सेविका के प्रमाण पत्रों की हो जांच
रामगढ़. प्रखंड के कांजो पंचायत के लीलातरी गांव की आंगनबाड़ी सेविका के चयन में सारे नियम को ताक में रखकर उसी आंगनबाड़ी केंद्र की सहायिका तलिया मरांडी को बहाली करने मामले में गांव की मेरी हांसदा ने उपायुक्त से न्याय की गुहार लगायी है. हांसदा ने उसके शैक्षणिक प्रमाण पत्रों की जांच करने की मांग […]
