प्रतिनिधि, दुमका आदिवासी एकता मंच की बैठक बुधवार को रवि हांसदा की अध्यक्षता में हुई. जिसमें मंच के कार्यकर्ताओं ने स्थानीयता नीति पर विचार विमर्श किया. बैठक में स्थानीयता नीति को लेकर सरकार द्वारा तैयार किये गये मसौदे पर चर्चा की गयी तथा सरकार से मांग की गयी कि अंतिम सर्वे सेटलमेंट को ही आधार बनाकर स्थानीयता नीति राज्य में निर्धारित होनी चाहिए. चाहे यह सर्वे हूड हो या फिर मैकफर्सन या गेंजर. इसके विपरीत किसी भी कारणों से झारखंड क्षेत्र में नौकरी, व्यवसाय, किसी अन्य श्रोत यथा वोटर लिस्ट, राशन कार्ड, बैंक एकाउंट आदि को आधार बनाया जाता है, तो मंच पूरे झारखंड में उग्र आंदोलन करेगा और झारखंड में बसने की वास्तविकता का परदाफाश करने के लिए सरकार पर दबाव बनायेगा. मौके पर पंचानन बैद्य, जॉन सोरेन, सुशीलाल टुडू, कार्नेलियुस हेंब्रम, मार्था हांसदा, निर्मला पुतुल मुर्मू, रिया मुर्मू, अभिनंदन मुर्मू, मेरीसाना टुडू, बबीता मुर्मू, अग्नेश किस्कू, राजीव बास्की, सिद्धौर हांसदा, संजय सेबस्टीयन मरांडी आदि मौजूद थे. ……………………….22 दुमका 03—————–
अंतिम सेटलमेंट को ही बनाया जाय स्थानीयता का आधार
प्रतिनिधि, दुमका आदिवासी एकता मंच की बैठक बुधवार को रवि हांसदा की अध्यक्षता में हुई. जिसमें मंच के कार्यकर्ताओं ने स्थानीयता नीति पर विचार विमर्श किया. बैठक में स्थानीयता नीति को लेकर सरकार द्वारा तैयार किये गये मसौदे पर चर्चा की गयी तथा सरकार से मांग की गयी कि अंतिम सर्वे सेटलमेंट को ही आधार […]
