बड़ी संख्या में सड़क के किनारे चल रहे हैं क्रशर प्लांट, प्रदूषित हो रहा वातावरण, बीमार हो रहे लोग
आनंद जायसवाल
दुमका : दुमका-रामपुरहाट मुख्य मार्ग पर शिकारीपाड़ा प्रखंड के पत्थर औद्योगिक क्षेत्र में कई क्रशर प्लांट इन दिनों प्रावधानों का उल्लंघन कर सड़क के किनारे ही संचालित किये जा रहे हैं. इन क्रशर प्लांट के आसपास न तो पानी का छिड़काव किया जाता है और न ही वृक्षारोपण कर पर्यावरण को प्रदूषित होने से बचाने की कोई पहल की गयी है.
दुमका से रामुपरहाट की ओर जाने वाले लोग जब चायपानी से आगे बढ़ते हैं, तो धूल की धुंध से उनका आगे चलना मुश्किल हो जाता है. धुल की धुंध से अक्सर बाइक सवार हादसे के शिकार बन जाया करते हैं. आंख में धूल जाने के बाद उनका नियंत्रण बिगड़ जाता है और वे हादसे के शिकार बनते हैं. इसके अलावा नियमित रूप से धूल उड़ने की वजह से लोग बीमार भी बनते जा रहे हैं. सांस की बीमारी के साथ-साथ आंखों की परेशानी भी बढ़ रही है.
सड़क पर जम गयी है धूल की परत
लगातार धूल उड़ने से इस पत्थर औद्योगिक क्षेत्र की सड़क पर धूल की मोटी परत बैठ गयी है. ऐसे में जब कोई डंपर या हाइवा गुजरता है, तो धुल का गुबार उड़ने लगता है. स्थिति ऐसी भी पैदा हो जाया करती है कि सामने से आनेवाली बड़ी गाड़ियां तक नजर नहीं आती.
पानी छिड़काव की उठती रही है मांग
क्रशर वाले इलाकों में धूल के उड़ने से रोकने के लिए पानी के छिड़काव की मांग लंबे समय से होती रही है. इसके लिए कई बार सड़क जाम से लेकर दूसरे तरह के आंदोलन होते रहे हैं, बावजूद उसके निदान की कोई प्रशासनिक पहल नहीं की गयी है.
