प्रतिनिधि, शिकारीपाड़ादुमका-रामुपरहाट रेलमार्ग पर शिकारीपाड़ा प्रखंड में स्थित पिनरगडि़या रेलवे स्टेशन में अब तक मूलभूत सुविधाएं यात्रियों को मयस्सर नहीं है. यहां से यात्री रेल सेवा 2012 से शुरू हुई है़ पिनरगडि़या स्टेशन से अंडाल तक रेल का परिचालन हो रहा है़ बावजूद इस स्टेशन का प्लेटफॉर्म अधूरा है़ आज तक शौचालय, पानी, बिजली के अलावे पार्किंग की व्यवस्था नहीं है, दुमका-रामपुरहाट मुख्य पथ से स्टेशन तक लगभग एक किमी ग्रामीण पथ जर्जर है़ इस स्टेशन से प्रतिदिन सैकड़ों यात्री यात्रा करते हैं़ एसआरबीसी /आरपीएम गोरांग चटर्जी व मो इरफान अंसारी के मुताबिक छह से सात हजार रुपये तक की टिकट बुकिंग आये दिन होती है़ ————————क्या कहते हैं यात्रीस्टेशन पर शौचालय, पेयजल की व्यवस्था नहीं है़ दोपहर में एकमात्र ट्रेन चलती है, ट्रेन का परिचालन सुबह शाम होने से वर्द्धमान, रामपुरहाट आने जाने में सुविधा होती. साथ ही रेलवे का राजस्व भी बढ़ता़ असगर अंसारीस्टेशन पर एकमात्र चापाकल लगा है़ पानी टंकी नहीं रहने से सफर करनेवाले यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है़ पेयजल की व्यवस्था के साथ ही सुबह शाम ट्रेन का परिचालन होने से स्थानीय लोगों को काफी सहूलियत होगी़सागेन हांसदास्टेशन पर शौचालय, पानी की व्यवस्था आदि नहीं रहने से महिलाओं को काफी कठिनाई होती है़ पिनरगडि़या स्टेशन से डेढ़ बजे एक ट्रेन का परिचालन होता है. सुबह शाम ट्रेन चलने से श्रमिकों को रामपुरहाट से पिनरगडि़या आने जाने सहूलियत होगी़ धनेश्वर मांझी———————फोटो 17-01 शिकारीपाड़ा 1,2,3,4,5———————
सुविधाविहीन है रेलवे स्टेशन पिनरगडि़या
प्रतिनिधि, शिकारीपाड़ादुमका-रामुपरहाट रेलमार्ग पर शिकारीपाड़ा प्रखंड में स्थित पिनरगडि़या रेलवे स्टेशन में अब तक मूलभूत सुविधाएं यात्रियों को मयस्सर नहीं है. यहां से यात्री रेल सेवा 2012 से शुरू हुई है़ पिनरगडि़या स्टेशन से अंडाल तक रेल का परिचालन हो रहा है़ बावजूद इस स्टेशन का प्लेटफॉर्म अधूरा है़ आज तक शौचालय, पानी, बिजली के […]
