आइआइटी (आइएसएम) के 99वें स्थापना दिवस समारोह में इस बार लोकनृत्य और संगीत की सुरमयी प्रस्तुति देखने को मिलेगी. नाद और सितार की जुगलबंदी के साथ ओड़िशी कलाकारों का लोकनृत्य कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण होगा. इस अवसर पर संस्थान के प्रबंधन ने पूरे कार्यक्रम की रूपरेखा जारी की है. नौ दिसंबर को स्थापना दिवस समारोह के मुख्य अतिथि झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार होंगे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में कोल इंडिया के सीएमडी पीएम प्रसाद और धनबाद के सांसद ढुलू महतो शामिल होंगे.
शाम छह बजे से शुरू होगा कार्यक्रम :
समारोह का आयोजन गोल्डन जुबिली लेक्चर थियेटर में सायं 6:30 बजे से शुरू होगा. कार्यक्रम की शुरुआत बीओजी अध्यक्ष प्रो प्रेम व्रत और संस्थान के निदेशक प्रो सुकुमार मिश्रा के स्वागत भाषण से होगा. इसके बाद, अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त कलाकार पंडित पार्था बोस और पंडित संतोष नाहर नाद, सितार और वायलिन पर जुगलबंदी प्रस्तुत करेंगे. लोकनृत्य की पहली प्रस्तुति सरिता कमला कुचा पर आधारित होगी. इसे अनिका महापात्रा द्वारा प्रस्तुत किया जायेगा. समारोह का समापन श्रीधरा डांस एकेडमी, ओड़िशा के कलाकारों के लोकनृत्य से होगा. इस विशेष अवसर पर पेनमेन क्वाड्रेंगल में दोपहर एक बजे से फूड स्टॉल और संबलपुरी कपड़ों की स्टॉल भी लगायी जायेगी, जहां आगंतुक स्वादिष्ट व्यंजनों और पारंपरिक परिधानों का आनंद ले सकेंगे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
