धनबाद के राजेंद्र सरोवर (बेकारबांध) में जल्द ही फ्लोटिंग सिटी कैंटीन शुरू होने जा रही है. पानी के बीच तैरती इस कैंटीन में लोग प्राकृतिक वातावरण का आनंद लेते हुए स्वादिष्ट व्यंजनों का लुत्फ उठा सकेंगे. जिला प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) के लिए रोजगार और स्थायी आजीविका के अवसर सृजित करना है.
निर्माण और संचालन के लिए मांगे गये प्रस्ताव
परियोजना को मूर्त रूप देने के लिए जिला योजना शाखा ने जेम पोर्टल पर निविदा जारी कर अनुभवी एजेंसियों से प्रस्ताव आमंत्रित किये हैं. जानकारी के अनुसार आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 10 अगस्त निर्धारित की गयी थी. अनुबंध की अवधि एक वर्ष तथा बोली की वैधता 30 दिन रखी गयी है.
एजेंसियों के लिए तय किये गये मानक
निविदा की शर्तों के अनुसार भाग लेने वाली एजेंसियों का पिछले तीन वित्तीय वर्षों का औसत वार्षिक कारोबार कम से कम 20 लाख रुपये होना आवश्यक है. इसके अलावा समान प्रकृति के कार्य में न्यूनतम एक वर्ष का अनुभव भी अनिवार्य रखा गया है.
हाउसकीपिंग और खानपान सेवा की भी जिम्मेदारी
चयनित एजेंसी को फ्लोटिंग सिटी कैंटीन का निर्माण कराने के साथ-साथ उसके संचालन की जिम्मेदारी भी संभालनी होगी. परियोजना के तहत हाउसकीपिंग, भोजन और खानपान सेवाओं का प्रबंधन भी शामिल होगा. इस कार्य की निगरानी डीआरडीए धनबाद के नामित अधिकारी द्वारा की जायेगी.
12 अगस्त को होगा तकनीकी प्रस्तुतीकरण
निविदा प्रक्रिया के तहत 12 अगस्त को तकनीकी प्रस्तुतीकरण आयोजित किया जायेगा. इसमें भाग लेने वाली एजेंसियां अपनी कार्ययोजना, तकनीकी दृष्टिकोण, टीम संरचना, समय-सीमा और पूर्व अनुभव का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत करेंगी.
पर्यटन और रोजगार दोनों को मिलेगा बढ़ावा
जिला प्रशासन का मानना है कि फ्लोटिंग सिटी कैंटीन शुरू होने से बेकारबांध एक नए पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित होगा. साथ ही स्वयं सहायता समूहों को रोजगार और आय के नए अवसर उपलब्ध होंगे, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी.
