धनबाद, बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय (बीबीएमकेयू) के एकेडमिक काउंसिल की बैठक गुरुवार को प्रशासनिक भवन में कुलपति प्रो रामकुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई. विश्वविद्यालय के शैक्षणिक, शोध और परीक्षा प्रणाली से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर विचार-विमर्श करते हुए सहमति बनी. पीएचडी उपाधि प्राप्त करने वाले शोधार्थियों को ‘फाइव प्वाइंट सर्टिफिकेट’ जारी करने का निर्णय लिया गया. यह प्रमाणपत्र संबंधित विभागाध्यक्ष और संकायाध्यक्ष की स्वीकृति के बाद ही शोधार्थियों को प्रदान किया जाएगा. इस निर्णय से शोध की गुणवत्ता और मूल्यांकन प्रक्रिया को और अधिक व्यवस्थित बनाने की दिशा में कदम माना जा रहा है. इसके अलावा, पिछले वर्ष आयोजित 20 वीं एकेडमिक काउंसिल बैठक और आकस्मिक बैठक में लिए गए निर्णयों के क्रियान्वयन की समीक्षा भी की गई. साथ ही राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनइपी) कोर कमेटी की अनुशंसाओं पर चर्चा करते हुए उन्हें अनुमोदित किया गया. नवशिक्षण प्रोग्राम समिति की सिफारिशों पर भी सकारात्मक विचार हुआ. बाइलिंगुअल प्रश्नपत्र के मुद्दे पर भी बैठक में चर्चा हुई. आरएस मोर महाविद्यालय, गोविंदपुर द्वारा बाह्य परीक्षाओं में द्विभाषीय प्रश्नपत्र लागू करने का प्रस्ताव रखा गया था. इस पर निर्णय परीक्षा बोर्ड की स्वीकृति के बाद लिया जाएगा. पीजी रेगुलेशन में संशोधन के तहत शोध प्रबंध (थीसिस) के मूल्यांकन में आंतरिक वीक्षक (इंटरनल एग्जामिनर) से जुड़े प्रस्ताव पर भी विचार हुआ. इस विषय में अंतिम निर्णय परीक्षा विभाग द्वारा लिया जाएगा. वाणिज्य विषय के शिक्षकों के लिए प्रबंधन विषय में पीएचडी करने के प्रस्ताव पर यूजीसी के नियमों के अनुरूप पंजीकरण की प्रक्रिया तय की जाएगी. वहीं वाणिज्य विभाग के शोधार्थियों के सेमिनार प्रस्तुतीकरण से जुड़े पूर्व निर्णय पर राज्य सरकार से अनुदान प्राप्त होने के बाद ही आगे विचार किया जाएगा. बैठक में रिसर्च एंड डेवलपमेंट सेल की ओर से तैयार स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) को सर्वसम्मति से मंजूरी दी गई. यह एसओपी विश्वविद्यालय में सेमिनार, कॉन्फ्रेंस और शोध परियोजनाओं के संचालन को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने में सहायक होगी.
Dhanbad News: पीएचडी विद्यार्थियों को मिलेगा फाइव प्वाइंट सर्टिफिकेट
Dhanbad News: बीबीएमकेयू के एकेडमिक काउंसिल बैठक में लिया गया निर्णय, कई शैक्षणिक व शोध संबंधी प्रस्तावों पर बनी सहमति व रिसर्च गतिविधियों के लिए एसओपी को मिली मंजूरी.
