नारी शक्ति वंदन बिल पर केंद्र सरकार की मंशा साफ नहीं : शबाना

मधुपुर: प्रदेश कांग्रेस सचिव ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना

मधुपुर. प्रदेश कांग्रेस सचिव शबाना खातून ने जारी प्रेस विज्ञप्ति में महिला आरक्षण बिल को लेकर केंद्र सरकार की मंशा पर सवाल उठाये हैं. उन्होंने कहा कि केंद्र द्वारा नारी शक्ति वंदन बिल की बात करना उचित नहीं लगता, क्योंकि भाजपा पर उन्नाव, हाथरस, मणिपुर और महिला खिलाड़ियों से जुड़े मामलों में देश की छवि खराब करने के आरोप लगते रहे हैं. शबाना खातून ने दावा किया कि महिला आरक्षण बिल को सभी दलों का समर्थन मिला था और राहुल गांधी ने 2023 में इसे पास कराने की पहल की थी. उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री जातिगत, ओबीसी और नयी जनगणना के आधार पर निर्णय नहीं लेना चाहते. उन्होंने कहा कि बिल को जनगणना और परिसीमन से जोड़ना भाजपा की सोची-समझी रणनीति है, जबकि इसमें ओबीसी और अल्पसंख्यक महिलाओं के लिए कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं है. खातून ने यह भी कहा कि पंचायत स्तर पर महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण राजीव गांधी के विजन के तहत 73वें और 74वें संविधान संशोधन से मिला, जिसे पी. वी. नरसिम्हा राव सरकार ने लागू किया था.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Balram

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >