देवघर में Cyber Crime का भंडाफोड़, अपराधियों को एकाउंट व ATM देने वाले चार आरोपी गिरफ्तार

साइबर थाना की पुलिस ने मधुपुर के मिश्रटांड़ गांव में छापेमारी कर चार युवकों को गिरफ्तार किया. इन युवकों पर पश्चिम बंगाल से फर्जी बैंक एकाउंट व एटीएम मंगाकर आसपास के साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराने और निर्धारित कमीशन पर साइबर ठगी के पैसों की निकासी कर उन लोगों तक पहुंचाने का आरोप है.

देवघर : गुप्त सूचना के आधार पर साइबर थाना की पुलिस ने मधुपुर के कुंडुबंगला मुहल्ले व मारगोमुंडा थाना क्षेत्र के मिश्रटांड़ गांव में छापेमारी कर चार युवकों को गिरफ्तार किया. इन युवकों पर पश्चिम बंगाल से फर्जी बैंक एकाउंट व एटीएम मंगाकर आसपास के साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराने और निर्धारित कमीशन पर साइबर ठगी के पैसों की निकासी कर उन लोगों तक पहुंचाने का आरोप है. गिरफ्तार आरोपित युवकों में मारनी गांव निवासी जमरुद्दीन अंसारी, उसका सगा भाई अली हुसैन अंसारी, मो गफ्फूर व मारगोमुंडा थाना क्षेत्र के मिश्रटांड़ गांव निवासी अख्तर अंसारी उर्फ चरका शामिल है.

पुलिस ने कई चीजें की गई बरामद

इनलोगों के पास से साइबर थाना की पुलिस ने नगद 23,500 रुपये सहित आठ मोबाइल, 12 फर्जी सिमकार्ड, 11 एटीएम कार्ड, एक चेकबुक व दो बाइक बरामद किया है. जानकारी देते हुए साइबर थाना के एसआई सुनील कुमार सिंह ने बताया कि इस संबंध में साइबर थाना में प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है. उन्होंने कहा कि आरोपितों के पास से बरामद मोबाइल, सिमकार्ड व एटीएम कार्ड में साइबर अपराध के काफी साक्ष्य मिले हैं. उन्होंने बताया कि आरोपितों के पास से जब्त मोबाइल नंबरों के विरुद्ध पूरे भारत भर में 54 क्राइम लिंक भी मिले हैं.

Also Read: दूसरे दिन भी चला आदिवासी कुड़मी समाज का आंदोलन, कई जगह रेल व सड़क रोकने से सेवाएं प्रभावित

देवघर आकर अपने कांडों का अनुसंधान कर सकें

एसआई सुनील ने कहा कि जिन जगहों के क्राइम लिंक आरोपितों के मोबाइल नंबरों से संबंधित पाया गया है, वहां की पुलिस को सूचित किया जायेगा. ताकि वे लोग देवघर आकर अपने कांडों का अनुसंधान कर सकें. एसआई सुनील ने यह भी बताया कि पूछताछ में आरोपितों ने स्वीकारा है कि पश्चिम बंगाल का एकाउंट व एटीएम उपलब्ध कराकर उसी में साइबर अपराधियों द्वारा क्राइम के पैसे मंगवाते थे. उक्त पैसों की निकासी करने के एवज में इनलोगों को 20 प्रतिशत कमीशन मिलता था और बाकी के 80 प्रतिशत पैसे निकासी कर साइबर अपराधियों तक पहुंचाया जाता था.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >