मारगोमुंडा. प्रखंड क्षेत्र के भोड़ाडाबर गांव स्थित बरगद पेड़ के पास रविवार को मुखिया सुधीर मंडल की अध्यक्षता में जमीन विवाद सुलझाने को लेकर बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें भोड़ाडाबर, महजोरी और नावाडीह गांव के ग्रामीणों ने भाग लिया. दरअसल, तीनों गांव के कुछ रैयतों के बीच जमीन विवाद वर्षों से चला आ रहा था. विवाद के निपटारे के लिए यह बैठक आयोजित की गयी थी. बैठक के दौरान मौजा महजोरी के खाता संख्या 18 में चार दखलकार पाए गए, जिसमें एक दखलकार नावल्द था. इसी तरह नावाडीह गांव के जमाबंदी 5 में भी चार दखलकार पाए गए, जिनमें एक नावल्द था. वहीं मौजा भोड़ाडाबर के जमाबंदी नंबर 3 में भी चार दखलकार पाए गए, जिसमें एक नावल्द था. बैठक में उपस्थित सभी पंचों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि जो नावल्द है, उसका जमीन हकदार व दखलकार रैयतों के बीच बराबर-बराबर हिस्से में बंटवारा किया जाएगा. मुखिया ने बताया कि उक्त जमीन का विवाद वर्ष 2012 से चला आ रहा था और लगभग 15 वर्षों के बाद पंचायत ने आपसी सहमति के आधार पर इसे सुलझा दिया. इस मौके पर प्रखंड 20 सूत्री अध्यक्ष सोहन मुर्मू ने कहा कि वर्षों से चली आ रही जमीन विवाद को पंचायत द्वारा सुलझा दिए जाने से वे गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं. मौके पर विधायक प्रतिनिधि डुगू टुडू, उप प्रमुख बिनोद हेंब्रम, पूर्व जिप सदस्य अबू अख्तर, सहदेव हेमब्रम, नुनलाल टुडू, धानों सोरेन, सरजल मरांडी एवं चतरू टुडू थे.
15 वर्ष पुरानी जमीन विवाद को पंचायत में सुलझाया गया
मारगोमुंडा के भोड़ाडाबर गांव के बरगद पेड़ के पास हुई बैठक
