बेटी का दावा : घटना के दिन तारपीठ में थे पिता विजय मंडल
देवघर : शहरी क्षेत्र के चर्चित दोहरे हत्याकांड की गुत्थी को आखिर पुलिस कैसे सुलझा पायेगी? जहां घटना के चश्मदीद व केस के सूचक राजू हरि ने एफआईआर में दावा किया है कि विजय मंडल ने रमेश हरि व मुन्ना सिंह की गोली मारकर हत्या की है. वहीं विजय मंडल की बेटी श्वेता कुमारी का दावा है कि वह अपने माता-पिता के साथ 9 जुलाई को तारापीठ में थी. उसके पिता की जमीन पर कुछ माफियाओं की नजर है, क्योंकि उनके सिर्फ दो बेटियां ही हैं. कहती है कि भाई नहीं रहने से एक लंबे समय से सताया जा रहा है ताकि जमीन व घर-द्वार छोड़कर सभी भाग जायें.
श्वेता कहती है कि उसके पापा विजय मंडल को छह माह पहले लकवा मार दिया था. वह पश्चिम बंगाल में पढ़ाई के दौरान मां तारा की शरण में पहुंची थी और पिता के ठीक होने की दुआ मांगी थी. वे स्वस्थ हो गये. जब 7 जुलाई को अपने घर महेशमारा आयी तो अपने पिता विजय मंडल व माता सविता देवी के साथ 9 जुलाई को रात के डेढ़ बजे तारापीठ पहुंची. वहां होटल स्वागतम में कमरा नहीं मिलने पर पार्वती लॉज में कमरा नंबर 102 रात 1.50 बजे बुक करायी.
सुबह जगने में देर हो गयी व मां के दरबार में अत्यधिक भीड़ की सूचना पाकर वहीं रुक गयी. 10 जुलाई को सुबह साढ़े छह बजे माता के दरबार में सबों ने पूजा-अर्चना की. मंदिर से लौैटने के बाद होटल से दिन के साढ़े दस बजे अपने घर महेशमारा के लिए चली. इसकी पुष्टि होटल के रजिस्टर, होटल के बिल, होटल व मंदिर के सीसीटीवी फुटेज से की जा सकती है.
रास्ते में तोड़-फोड़ की मिली थी सूचना
पुलिस अधीक्षक को दिये आवेदन में उल्लेख है कि घर आने के क्रम में रास्ते में मोबाइल पर कॉल आया जिससे पता चला कि महेशमारा स्थित आवास पर कुछ लोगों ने तोड़-फोड़ किया है. अनहोनी की आशंका पर उसे पिताजी ने अपने संबंधी के यहां जमशेदपुर पहुंचा दिया. इसी बीच उनकी मां सविता देवी को भी हत्या के एक केस में उम्रकैद की सजा हो गयी.
पिता ने भी न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया. अब दोनों बहनों की जान को खतरा है. सुरक्षा की जिम्मेवारी लेते हुए पुलिस से झूठे केस से पिता को निजात दिलाने के लिए याचना की है. इसकी प्रति मुख्यमंत्री, अध्यक्ष राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग रांची, अध्यक्ष महिला आयोग रांची, पुलिस महानिदेशक रांची, उप महानिरीक्षक दुमका, डीसी देवघर व थाना प्रभारी रिखिया को भी भेजी गयी है.
रिखिया थाना में दर्ज हुआ था एफआइआर
मालूम हो कि दोहरे हत्याकांड के संबंध में रिखिया थाना में मृतक रमेश हरि के भाई राजू हरि के बयान पर दर्ज एफआइआर में विजय मंडल, सचिन चरण मिश्रा, शशि सिंह समेत कई लोगों को नामजद किया गया है.
रमेश के भाई का बयान
रमेश के भाई का बयान
विजय ने ही चलायी थी गोली
आठ-दस सािथयों की मदद से विजय ने दोनों पर चलायी थी गोली
देवघर : रमेश हरि के भाई राजू हरि ने राजू ने पुलिस को दिये आवेदन में कहा है कि उसके भाई रमेश को जमीन विवाद में महेशमारा निवासी विजय मंडल ने गोली मारी है, जबकि घटना की साजिश में पूर्व वार्ड पार्षद सचिन चरण मिश्रा भी शामिल रहा है. राजू के अनुसार सुबह करीब आठ बजे अपने भाई रमेश, बैजनाथपुर निवासी मुन्ना सिंह, राजेंद्र यादव व चालक सुदीप यादव के साथ ऑटो से रांगा मोड़ की तरफ गया था.
उधर से लौटने में सर्कुलर रोड पर झा-ठाकुर पेट्रोल पंप के समीप आठ-10 साथियों की मदद से विजय मंडल ने उनलोगों को रोककर रमेश को गोली मार दी. इस दौरान मुन्ना को भी गोली लग गयी. ऑटो से उतरकर राजू पकड़ने दौड़ा, तब तक विजय सहित उसके सभी साथी भाग गये. सात माह पूर्व रमेश पर बम से किया था हमला यह भी जिक्र किया है कि करीब सात महीने पूर्व रमेश पर बम से भी हमला किया गया था. इसके पूर्व भी एक बार उस पर 2013 में भी जानलेवा हमला किया गया था.
दोनों घटनाओं की एफआइआर दर्ज होने के बाद भी पुलिस विजय को कुछ नहीं कर सकी. इससे मनोबल बढ़ता चला गया और पुन: आज गोली मार दी गयी.राजू के अनुसार पैतृक जमीन को लेकर ही विजय मंडल के साथ उनलोगों का विवाद चल रहा था. तीन कट्ठा को तीन एकड़ बनाकर जमीन हड़पने की कोशिश चल रही थी.
उसी में डिस्ट्रिक्ट कोर्ट से उनलोगों के पक्ष में डिग्री हुई तो विपक्षी ने आयुक्त कोर्ट में अपील कर दी. राजू का दावा है कि 11 जुलाई को उनलोगों के पक्ष में फैसला आ सकता था, इसलिये उसके भाई रमेश को एक दिन पूर्व ही गोली मार दी गयी.राजू द्वारा पुलिस को रिसीव कराये आवेदन में यह भी जिक्र है कि बिलासी निवासी पूर्व वार्ड पार्षद सचिन चरण मिश्रा ने जमीन को लेकर हस्तक्षेप किया था.
48 घंटे के रिमांड पर विजय मंडल व सचिन मिश्रा
देवघर : रमेश हरि व मुन्ना सिंह दोहरे हत्याकांड में पुलिस ने दो आरोपित विजय मंडल व पूर्व वार्ड पार्षद सचिन मिश्रा को कोर्ट से 48 घंटे के रिमांड पर लिया है. मंगलवार की शाम दोनों को रिखिया थाना लाया गया. पुलिस ने विजय व सचिन से अलग-अलग कमरे में बारी-बारी कर पूछताछ की. इस दौरान महेशमारा स्थित जमीन विवाद की भी जानकारी ली. बुधवार शाम तक दोनों से पूछताछ में इस हत्याकांड में पुलिस को कुछ खास जानकारी नहीं मिली है. बांका के एक भू-माफिया की तलाश: रमेश हरि व मुन्ना सिंह हत्याकांड में अनुसंधान के दौरान पुलिस को बांका के एक जमीन माफिया से तार जुड़ने की भनक लगी है. पुलिस अब इस जमीन माफिया को तलाश रही है. पुलिस सूत्रों के अनुसार, उक्त जमीन माफिया बिहार के बांका जिले का रहने वाला है व पिछले कुछ वर्षों से बंधा के तरनटिल्हा में मकान बनाकर रह रहा है. पुलिस उक्त जमीन माफिया की तलाश में बंधा के तरनटिल्हा स्थित उसके घर पर भी गयी थी, लेकिन वह नहीं मिला. पुलिस उनके अन्य साथियों को भी खोज रही है.
