उधवा (देवघर) : राधानगर थाना क्षेत्र के बेगमगंज से गुप्त सूचना के आधार पर रविवार रात्रि समस्तीपुर से अपहृत नाबालिग की बरामदगी मामले में मंगलवार को आरोपित को जेल भेज दिया गया. पुलिस को दिये फर्द बयान में नाबालिग ने अपने साथ हुए दुराचार की आपबीती सुनाते हुए बताया कि 29 अप्रैल को नाबालिग अपना आधार कार्ड बनवाने के लिए घर से बिथान बाजार गयी थी. इसी क्रम में मनारुल के मोबाइल नंबर 8877757740 से फोन आया. अपना नाम राहुल बता कर मिलने के लिए हसनपुर बुलाया.
मनारुल के काफी आग्रह करने पर हसनपुर बस स्टैंड पहुंची. जहां मनारुल से मुलाकात हुई और बहला-फुसला कर हसनपुर स्टेशन ले गया. जहां मोबाइल का सिम कार्ड निकाल कर तोड़ कर फेंक दिया. शादी का प्रलोभन देकर जबरन ट्रेन पर चढ़ा कर बरहरवा स्टेशन ले आया. बरहरवा स्टेशन से आरोपित युवक ने नाबालिग को केंदुआ स्थित अपने बड़ी बहन के घर ले गया. जहां पीड़िता को पता चला कि आरोपित का नाम राहुल नहीं बल्कि मनारुल है. यहां चार दिन तक एक कमरे में बंद रखा. इसके बाद उधवा बाबुटोला में अपने एक मुंहबोली बहन के घर ले गया. इसके बाद रविवार को बेगमगंज स्थित अपने घर ले गया. इस दौरान आरोपी युवक ने नाबालिग लड़की के साथ कई बार जबरदस्ती की. पीड़िता चिखती-चिल्लाती रही और आरोपी दरिंदगी की सारी हदें पार करता रहा. रविवार को गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस मनारुल के घर पहुंच कर नाबालिग को मुक्त कराया. मामले में राधानगर थाना पुलिस ने बेगमगंज निवासी मन्नान शेख के पुत्र मनारुल शेख (25 वर्ष) के विरुद्ध थाना कांड संख्या 40/18 में भादवि की धारा 366ए, 376 ,120 बी एवं 04 पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को जेल भेज दिया है.
