सौर ऊर्जा के क्षेत्र में गिद्धौर राज्य के लिए प्रेरणास्त्रोत सिद्ध होगा : डीसी चतरा. जिले में स्वच्छ व सतत ऊर्जा को बढ़ावा देने के दिशा में जिला प्रशासन ने पहल करते हुए गिद्धौर गांव को मॉडल सोलर गांव के रूप में चयन किया गया. इस संबंध में उपायुक्त रवि आनंद ने सोमवार को बैठक कर चयन प्रक्रिया की समीक्षा की. जिला स्तरीय समिति द्वारा चिह्नित गांवों में से गिद्धौर गांव को मॉडल साेलर गांव के रूप में चयन किया गया. उपायुक्त ने बताया कि चयन प्रक्रिया के तहत जिले के 10 गांवों के लोग शामिल हुए थे, जिसमें हंटरगंज के जोरीकलां, इटखोरी के इटखोरी, गिद्धौर के गिद्धौर व दुवारी, सिमरिया के एदला, टंडवा के सराढ़ु, राहम, टंडवा, प्रतापपुर के घोरीघाट व तनराव गांव शामिल हैं. इनमें गिद्धौर गांव का चयन किया गया. उन्होंने बताया कि चयन के दौरान सभी गांव में उपलब्ध सोलर ऊर्जा व अवसंरचनाओं का सूक्ष्म व तुलनात्मक विश्लेषण किया गया. इस क्रम में गिद्धौर अन्य गांवों की तुलना में अग्रणी रहा. जहां रूफटॉप सोलर संयंत्र, सोलर स्ट्रीट लाइट व प्रधानमंत्री कुसुम योजना के तहत सोलर सिंचाई जैसी विभिन्न सौर परियोजनाओं का व्यापक क्रियान्वयन हुआ है. उपायुक्त ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत मॉडल सोलर गांव की परिकल्पना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देना है. पारंपरिक ऊर्जा स्त्रोतों पर निर्भरता को कम करना व पर्यावरण संरक्षण को सुदृढ़ करना है. उपायुक्त ने कहा कि गिद्धौर गांव जिला ही नहीं, बल्कि राज्य के लिए प्रेरणास्त्रोत सिद्ध होगा.
गिद्धौर गांव मॉडल सोलर गांव के रूप में चयनित
सौर ऊर्जा के क्षेत्र में गिद्धौर राज्य के लिए प्रेरणास्त्रोत सिद्ध होगा : डीसी
