बोकारो: पर्यावरण के दृष्टिकोण से नदियों से बालू के उठाव पर वर्तमान में रोक लगी हुई है. नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की ओर से 15 अक्तूबर तक बालू उठाव पर रोक लगायी गयी है. लेकिन, बोकारो में बालू का उठाव धड़ल्ले से जारी है. इसकी पुष्टि हाल के दिनों में हुई विभागीय छापेमारी से भी हो रही है.
बालू का नया स्टॉक, दोहरी कीमत
वर्तमान में जिले की मुख्य नदी दामोदर का जलस्तर बढ़ा हुआ है. तेनुघाट डैम के तीन फाटक मौसम और जल संग्रहण को देखते हुए खुले हुए हैं. बढ़ा हुआ जलस्तर बालू माफियाओं के लिए राहत भरा है. कारण है कि बाढ़ के साथ दामोदर में ऊपरी हिस्से से बालू भी नीचे आता है. यानी माफियाओं को बाढ़ के कारण बालू का नया स्टॉक उपलब्ध हो जाता है.
हाल के दिनों में दो बार तेनुघाट डैम के फाटक बंद हुए हैं. फाटक बंद होने के बाद माफिया फौरन सक्रिय हो जाते हैं और बालू का उठाव शुरू कर देते हैं. चलकरी, बालू बैंकर, भंडारीदह, बुढ़ीडीह, चौफान बस्ती समेत अन्य जगहों पर तेजी से बालू उठाव किया जाता है.
माफिया बाजार में दो तरह का बालू उपलब्ध करा रहे हैं. एक चलनी से छानकर महीन दाना और दूसरा साधारण बालू. दोनों बालू की कीमत में प्रति ट्रैक्टर एक हजार रुपये का अंतर होता है.
पूरी रात होती है ढुलाई, हर थाना क्षेत्र से गुजरते हैं ट्रैक्टर
बालू का नया स्टॉक नदी में उपलब्ध हो जाने से माफिया पूरी ताकत के साथ बालू का उठाव कर रहे हैं. पूरी रात दामोदर नदी के पेटरवार प्रखंड, बेरमो, चंद्रपुरा, चास और चंदनकियारी प्रखंड स्थित विभिन्न तटों से बालू का उठाव किया जा रहा है.
बड़ी बात यह है कि नदी तट से बालू को ग्राहक तक पहुंचाने के दौरान वाहन विभिन्न थाना क्षेत्रों से होकर गुजरते हैं.
इस माह तीन ट्रैक्टर हुए जब्त
इस माह अब तक कार्रवाई करते हुए विभाग ने बालू की अवैध ढुलाई के दौरान तीन ट्रैक्टर पकड़े हैं. सेक्टर छह थाना क्षेत्र में विभाग ने कार्रवाई करते हुए तीन ट्रैक्टर पकड़े थे, जिन्हें पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया.
जानकारी के मुताबिक, ट्रैक्टर चौफान क्षेत्र से बालू का उठाव कर जा रहे थे.
