सदर अस्पताल में फिजियोथेरेपी से दर्द और सांस की परेशानी में राहत की कोशिश, रोज पहुंच रहे 40-50 मरीज

बोकारो सदर अस्पताल में फिजियोथेरेपी के जरिए इम्यूनिटी बढ़ाएं और लंग्स को मजबूत करें. यहां वरिष्ठ नागरिकों को नि:शुल्क वाकर और स्टीक भी दी जा रही है.

स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों से जूझ रहे लोगों के लिए बोकारो सदर अस्पताल का फिजियोथेरेपी विभाग राहत का माध्यम बन रहा है. कैंप-2 स्थित सदर अस्पताल में संचालित फिजियोथेरेपी विभाग में रोजाना करीब 40 से 50 मरीज पहुंच रहे हैं. इनमें शारीरिक दर्द, चलने-फिरने में परेशानी, कंधे व गर्दन की समस्या के साथ सांस संबंधी दिक्कत वाले मरीज भी शामिल हैं.

फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. सरिता कुमारी की निगरानी में मरीजों को उनकी जरूरत के अनुसार अलग-अलग एक्सरसाइज और फिजियोथेरेपी करायी जा रही है. चेस्ट फिजियोथेरेपी और ब्रीदिंग एक्सरसाइज के लिए भी लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं. कोरोना संक्रमण से उबर चुके लोगों में भी सांस संबंधी परेशानी और शारीरिक कमजोरी के बाद चिकित्सकीय सलाह के अनुसार व्यायाम और फिजियोथेरेपी करायी जा रही है.

60 प्लस उम्र के लोगों को नि:शुल्क वॉकर और स्टिक

सदर अस्पताल में 60 वर्ष से अधिक उम्र के महिला और पुरुषों को जरूरत के अनुसार नि:शुल्क वॉकर और स्टिक उपलब्ध करायी जा रही है. इसके लिए लाभुक को आधार कार्ड की छायाप्रति के साथ चिकित्सक की सलाह वाली पर्ची जमा करनी होती है, जिसमें वॉकर या स्टिक की जरूरत का उल्लेख हो.

अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, अब तक 189 से अधिक लोगों को वॉकर और स्टिक उपलब्ध करायी जा चुकी है. अस्पताल प्रबंधक सह जिला महामारी नियंत्रण विशेषज्ञ पवन कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि जरूरतमंद बुजुर्गों को यह सुविधा आगे भी उपलब्ध करायी जाती रहेगी.

नौ तरह की मशीनों से फिजियोथेरेपी की सुविधा

फिजियोथेरेपी विभाग में मरीजों के लिए नौ तरह की मशीनें उपलब्ध हैं. इनका इस्तेमाल मरीज की समस्या और चिकित्सकीय सलाह के अनुसार किया जाता है. विभाग में स्टेटिक साइकिल, ट्रैक्शन मशीन, पैरालर बार, पैराफीन वैक्स बाथ, शोल्डर व्हील, ओवरहेड पुली, शॉर्टवेव डायथर्मी, अल्ट्रासोनिक थेरेपी और इंफ्रारेड थेरेपी मशीन उपलब्ध हैं.

स्टेटिक साइकिल का इस्तेमाल व्यायाम और मांसपेशियों की मजबूती के लिए, जबकि ट्रैक्शन मशीन का उपयोग गर्दन और नसों से जुड़ी कुछ समस्याओं में किया जाता है. पैरालर बार चलने में परेशानी वाले मरीजों के लिए उपयोगी है। वहीं शोल्डर व्हील और ओवरहेड पुली का इस्तेमाल कंधे की गतिविधियों से जुड़ी समस्याओं में किया जाता है.

पैराफीन वैक्स बाथ, शॉर्टवेव डायथर्मी, अल्ट्रासोनिक और इंफ्रारेड थेरेपी जैसी सुविधाएं भी मरीजों की जरूरत के अनुसार उपलब्ध करायी जाती हैं. चास और बोकारो के शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों से फिजियोथेरेपी के लिए सदर अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है.

फिजियोथेरेपी विभाग में उपलब्ध प्रमुख मशीनें

  • स्टेटिक साइकिल: व्यायाम और मांसपेशियों की मजबूती के लिए
  • ट्रैक्शन मशीन: गर्दन व नसों से जुड़ी कुछ समस्याओं में उपयोग
  • पैरालर बार: चलने-फिरने की परेशानी वाले मरीजों के अभ्यास के लिए
  • पैराफीन वैक्स बाथ: कुछ जोड़ों व चोट के बाद होने वाली जकड़न में उपयोग
  • शोल्डर व्हील: कंधे की गतिविधियों के अभ्यास के लिए
  • ओवरहेड पुली: कंधे की एक्सरसाइज के लिए
  • शॉर्टवेव डायथर्मी: चिकित्सकीय जरूरत के अनुसार सेक देने के लिए
  • अल्ट्रासोनिक थेरेपी: कुछ मांसपेशी और जोड़ों से जुड़ी समस्याओं में उपयोग
  • इंफ्रारेड थेरेपी: कुछ दर्द संबंधी समस्याओं में उपयोग


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By Ranjeet kumar

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