बोकारो: सरदार वल्लभ भाई पटेल को अगर देश का पहला प्रधानमंत्री बनाया जाता, तो देश का नक्शा कुछ और होता. लेकिन, कांग्रेस ने हमेशा सरदार पटेल को दरकिनार करने की कोशिश की. इसी के तहत योग्य होने के बाद भी सरदार पटेल को प्रधानमंत्री नहीं बनाया गया. कई मामलों में लौह पुरुष की बात पर अमल नहीं किया गया. यह बात बोकारो विधायक बिरंची नारायण ने कही. रविवार को गरगा पुल के डिवाइडर सेंटर में सरदार पटेल की मूर्ति का अनावरण किया गया. श्री नारायण बतौर मुख्य अतिथि कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे.
श्री नारायण ने कहा : बोकारो इस्पात नगरी है, लेकिन अभी तक लौह पुरुष की मूर्ति बोकारो में नहीं लगायी गयी थी. जबकि विभिन्न गैर राजनीतिक संगठन पिछले कई वर्षों से मूर्ति लगाने की मांग कर रहे थे. कार्यक्रम की शुरुआत में तरह-तरह की आतिशबाजी की गयी. साथ ही गुब्बारा उड़ाया गया. सरदार पटेल पब्लिक स्कूल- 09 के विद्यार्थी ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया. . नीना नारायण, सुरेश कुमार, मृत्युंजय शर्मा, मूर्तिकार संजय शान, अम्बिका खवास, कृष्ण कुमार मुन्ना समेत कई नेता व कार्यकर्ता उपस्थित थे.
संजय शान ने बनायी है मूर्ति
मूर्ति निर्माण कुशवाहा नगर-चास के संजय शान ने किया है. उन्होंने बताया : मूर्ति बनाने में फाइबर मेटल का इस्तेमाल किया गया है. नक्काशी के साथ-साथ मजबूती पर विशेष ध्यान दिया गया है. बताया : मूर्ति पर धूप व बारिश का असर नहीं होगा. इससे मूर्ति की रौनक लंबे समय तक बरकरार रहेगी.
