Bihar News:(दिलीप कुमार) वैशाली में महुआ नगर परिषद क्षेत्र में विभागीय लापरवाही के कारण ‘नल-जल योजना’ का पानी घरों तक पहुंचने के बजाय खेत-खलिहानों में बह रहा है. इससे स्थानीय उपभोक्ताओं को पेयजल के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है. स्थिति को लेकर लोगों में आक्रोश व्याप्त है.
खराब पाइपलाइन से पानी की भारी बर्बादी
जानकारी के अनुसार, नगर परिषद क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में नल-जल योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइन कई जगहों पर खराब हो चुकी है. कई स्थानों पर नलके खराब हैं और पाइप कटे-फटे पड़े हैं, जिसके कारण पानी की आपूर्ति बाधित हो गई है. विशेष रूप से पत्रकार चौक पर दो नल लगे होने के बावजूद दोनों के टोटी खराब हैं. जिससे प्रतिदिन हजारों लीटर पानी बेकार बहकर खेतों में चला जाता है. इसी तरह दशरथ चौक, सदापुर महुआ पूर्वी, विष्णु चौक सहित कई इलाकों में भी यही स्थिति बनी हुई है.
स्थानीय लोगों में आक्रोश
गर्मी और उमस भरे मौसम में पेयजल संकट के कारण स्थानीय लोग काफी परेशान हैं. पत्रकार चौक निवासी सिपाही शर्मा, रामबाबू यादव, संजय सिंह, राकेश कुशवाहा, अविनाश कुमार और अरुण यादव सहित अन्य लोगों ने बताया कि खराब नल और पाइपलाइन की सूचना कई बार संबंधित विभाग और जनप्रतिनिधियों को दी गई. लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई. लोगों का कहना है कि पेयजल की किल्लत के कारण उन्हें पानी के लिए काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
विभागीय उदासीनता पर सवाल
स्थानीय लोगों ने विभागीय उदासीनता पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि समय रहते मरम्मत कार्य कराया जाता तो पानी की बर्बादी रो की जा सकती थी और लोगों को राहत मिलती.
अधिकारी का बयान
इस संबंध में नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी सोनू कुमार राय ने बताया कि इस प्रकार की कोई सूचना विभाग को प्राप्त नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि मामले की जांच कर स्थल निरीक्षण कराया जाएगा और खराब नल और पाइपलाइन की मरम्मत कराकर जल्द ही पानी की आपूर्ति बहाल की जाएगी.
