सड़क की बाट जोह रहा पूर्व सैनिक का परिवार

सुपौल : लंबे अरसे तक पूरी जांबाजी के साथ देश के दुश्मनों से लोहा लेने वाला एक सैनिक इन दिनों अपने ही घर से निकलने के लिये एक अदद रास्ते की तलाश में मानसिक जंग से जूझ रहा है. सदर प्रखंड अंतर्गत गढ़ बरूआरी निवासी सैनिक हरि नारायण झा ने करीब 30 वर्षों तक भारतीय […]

सुपौल : लंबे अरसे तक पूरी जांबाजी के साथ देश के दुश्मनों से लोहा लेने वाला एक सैनिक इन दिनों अपने ही घर से निकलने के लिये एक अदद रास्ते की तलाश में मानसिक जंग से जूझ रहा है. सदर प्रखंड अंतर्गत गढ़ बरूआरी निवासी सैनिक हरि नारायण झा ने करीब 30 वर्षों तक भारतीय सेना के ईएमई कोर में रह कर वतन की निष्ठापूर्वक सेवा की है, लेकिन करीब तीन साल पूर्व सेना की नौकरी से सेवा निवृत्त होने के बाद वे निजी समस्या में उलझ गये हैं.

गांव में मौजूद उनके घर से बाहर मुख्य सड़क पर पहुंचने के लिये एक अदद रास्ता उपलब्ध नहीं है. जिसके कारण श्री झा व उनके परिवार के सदस्यों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. पीड़ित पूर्व सेनिक श्री झा ने बताया कि उनका घर तीन तरफ से पड़ोसियों को घरों व जमीन से घिरा हुआ है. वहीं चौथी ओर खैरदह नदी विद्यमान है. अपनी पीड़ा बताते श्री झा कहते हैं कि पूर्व में उन्हें नदी किनारे मौजूद सड़क की सुविधा उपलब्ध थी. लेकिन करीब 30 वर्ष पूर्व नदी मे आये उफान ने उक्त सड़क को अपनी आगोश में समा लिया. तब से पड़ोसियों के जमीन व दरवाजे से गुजर कर मुख्य सड़क तक पहुंचना उनकी मजबूरी बनी हुई है.
लेकिन समय के साथ पड़ोस की जमीन पर बन रहे घर व दीवार उनके लिये मुश्किलें खड़ी कर रहा है.
रास्ता अवरूद्ध होने के बाद अब उनके समक्ष महज नदी के रास्ते बाहर निकलने का विकल्प बचा हुआ है. लेकिन इस मार्ग में सड़क नहीं रहने से आवागमन काफी कठिन है. गौरतलब है कि कुछ साल पूर्व उक्त स्थान पर पुन: सड़क निर्माण प्रारंभ किया गया था. लेकिन जमीन विवाद खड़ा होने की वजह से सड़क निर्माण का कार्य अधूरा ही रह गया.
प्रधानमंत्री से लगायी सहायता की गुहार
समस्या के बाबत पूर्व सैनिक श्री झा ने कई बार अंचलाधिकारी से लेकर जिलाधिकारी, लोक आयुक्त व मुख्यमंत्री के जनता दरबार में आवेदन देकर न्याय की गुहार लगायी. लेकिन किसी ने भी इनकी सुधी नहीं ली. थक हार कर उन्होंने प्रधानमंत्री के पीएमओ साईट पर ऑनलाइन अपनी शिकायत दर्ज करायी. जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया. प्रखंड विकास पदाधिकारी आर्य गौतम एवं प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी कालीचरण मिश्र ने गत 09 जून को बरूआरी गांव पहुंच कर समस्या के बाबत स्थलीय निरिक्षण किया.
पदाधिकारी द्वय ने स्थानीय जन प्रतिनिधियों व समाज के प्रबुद्ध जनों से भी इस संबंध वार्ता की तथा समस्या के जल्द निदान का आश्वासन दिया. इस संबंध में पूछे जाने पर पदाधिकारी द्वय ने बताया कि समस्या के बाबत अंचलाधिकारी को सरकारी जमीन व उसका नक्शा उपलब्ध कराने को कहा गया है. सीओ से प्राप्त प्रतिवेदन के बाद जिलाधिकारी को सभी जानकारी देते हुए अग्रेतर कार्रवाई के लिये रिपोर्ट सौंपा जायेगा.

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