मुजफ्फरपुर की बेटी सपना फोर्ब्स '30 अंडर 30' में जगह बनाने वाली बिहार की पहली महिला, पढ़िए उनकी पूरी कहानी…

Success Story: बिहार के मुजफ्फरपुर जिला की बेटी डॉ. सपना सिन्हा मस्तिष्क और संज्ञानात्मक (Scientific) विज्ञान में अपने शोध के लिए फोर्ब्स '30 अंडर 30' में जगह बनाई हैं. डॉ. सपना ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से पढ़ाई पूरी कर मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) में अभी प्रोफेसर हैं.

Success Story: आजकल देश की बेटियां सभी क्षेत्रों में आगे बढ़ रही हैं. चाहे देश की रक्षा का क्षेत्र हो, चिकित्सा का क्षेत्र हो या अनुसंधान का क्षेत्र हो. इसी क्रम में बिहार के मुजफ्फरपुर जिला की बेटी डॉ. सपना सिन्हा मस्तिष्क और संज्ञानात्मक (Scientific) विज्ञान में अपने शोध के लिए फोर्ब्स ’30 अंडर 30′ में जगह बनाई हैं.

बता दें कि डॉ. सपना ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से पढ़ाई पूरी कर मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) में अभी प्रोफेसर हैं. फोर्ब्स ने ’30 अंडर 30 एशिया’ का नौवां संस्करण जारी किया जिसमें सपना का भी नाम था. यह सम्मान पाने वाली वह बिहार की पहली महिला हैं.

विभिन्न क्षेत्रों के 300 वैज्ञानिकों में सपना का भी नाम

इस सूची में एशिया पैसिफिक क्षेत्र के 30 साल से कम उम्र के युवाओं को शामिल किया जाता है. जो अपने अपने फील्ड में बेहतर और उत्कृष्ट कार्य किए हों. इस बार लिस्ट में विभिन्न क्षेत्रों के 300 युवाओं को जगह दी गई थी. उसमें सपना का भी नाम शामिल है. डॉ सपना उन 30 वैज्ञानिकों में शामिल हैं जो मस्तिष्क एवं संज्ञानात्मक विज्ञान के अध्ययन पर शोध किए. इसी कार्य में उत्कृष्ट प्रदर्शन हेतु फोर्ब्स ने ’30 अंडर 30′ के लिस्ट में जगह दी है.

ये भी पढ़ें: बिहार के 61 दंपती स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री मोदी का बनेंगे विशेष मेहमान, जानें कैसे हुआ चयन…

सपना का रिसर्च ऑप्टो जेनेटिक्स पर आधारित

सपना मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) में प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं. इससे पहले वो जापान के ओसाका विश्वविद्यालय में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर सेवाएं दे चुकी हैं. बता दें कि सपना का रिसर्च ऑप्टो जेनेटिक्स पर फोकस्ड था. यह लाइट के माध्यम से कोशिकाओं को उत्तेजित कर मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी की चोटों को ठीक करने में आपार संभावनाएं रखता है.

ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से पूरी की पीएचडी की पढ़ाई

सपना के फैमिली बैकग्राउंड की ओर रुख करें तो पिता संजय कुमार इलेक्ट्रॉनिक विभाग के एचओडी हैं वहीं माता संगीता सिन्हा भीम राव अंबेडकर यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर के पद पर सेवाएं दे रही हैं. सपना (dr. sapna education) का स्कूली शिक्षा मुजफ्फरपुर और पटना से संपन्न हुआ है.

उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए उन्होंने जापान की ओर रुख किया और नागोया विश्वविद्यालय से बीटेक (केमिकल इंजीनियरिंग) की पढ़ाई पूरी की. पढ़ाई के बाद जापान के हीं ओसाका विश्वविद्यालय में असिस्टेंट प्रोफेसर बनीं. इस दौरान उन्हें 2021 में श्मिट साइंस फेलोशिप मिली. इसके बाद उन्होंने ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से पीएचडी की पढ़ाई पूरी की.

 2 महीने पहले प्लांट किया गया था बम, ऐसे इजरायल ने हानिया को मार गिराया 

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

अभिनंदन पांडेय पिछले दो वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की और दैनिक जागरण, भोपाल में काम किया. वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के हिस्सा हैं. राजनीति, खेल और किस्से-कहानियों में उनकी खास रुचि है. आसान भाषा में खबरों को लोगों तक पहुंचाना और ट्रेंडिंग मुद्दों को समझना उन्हें पसंद है. अभिनंदन ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से की. पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को सही तरीके से लोगों तक पहुंचाने की सोच ने उन्हें इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने भोपाल में बॉलीवुड के कई बड़े कलाकारों और चर्चित हस्तियों के इंटरव्यू किए. यह अनुभव उनके करियर के लिए काफी अहम रहा. इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर डिजिटल में इंटर्नशिप की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की वास्तविक दुनिया को करीब से समझा. बहुत कम समय में उन्होंने रियल टाइम न्यूज लिखना शुरू कर दिया. इस दौरान उन्होंने सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता भी बेहद जरूरी होती है. फिलहाल वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ काम कर रहे हैं. बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में कवर किया, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और वीडियो कंटेंट भी तैयार किए. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और भरोसेमंद खबर पहुंचे. पत्रकारिता में उनका लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और एक विश्वसनीय पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >