प्रतिनिधि, सीवान. सीवान सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक के सभाकक्ष में मंगलवार को जिला सहकारिता पदाधिकारी सौरभ कुमार ने जिले के सभी प्रखंड सहकारिता प्रसार पदाधिकारियों के साथ बैठक की. बैठक में सीएमआर आपूर्ति की धीमी रफ्तार पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने कहा कि अब किसी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी. जिन पैक्स द्वारा चावल आपूर्ति में आनाकानी की जा रही है, उनके खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी. समीक्षा में सामने आया कि जिले के 15 पैक्स द्वारा अब तक राइस मिलरों के साथ एकरारनामा नहीं किया गया है. इसके कारण सीएमआर प्राप्ति की प्रक्रिया काफी धीमी हो गई है. जिससे राज्य स्तर पर जिले की रैंकिंग प्रभावित हुई है और जिला काफी नीचे चला गया है. डीसीओ ने इसे गंभीर प्रशासनिक लापरवाही बताते हुए संबंधित पैक्स और राइस मिलरों को 24 घंटे के भीतर हर हाल में एकरारनामा करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर सीएमआर आपूर्ति सुनिश्चित नहीं होने पर दोषियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई तय मानी जाए.डीसीओ ने सभी प्रखंड सहकारिता प्रसार पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि यदि कोई पैक्स एकरारनामा करने में रुचि नहीं दिखाता है, तो संबंधित पैक्स गोदाम का भौतिक सत्यापन कर उसकी जीपीएस युक्त फोटो एवं वीडियो के साथ विस्तृत प्रतिवेदन 7 मई की शाम 5 बजे तक जिला कार्यालय को उपलब्ध कराएं. उन्होंने कहा कि खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की मार्गदर्शिका के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी. जिन पैक्स द्वारा अब तक एकरारनामा नहीं किया गया है उनमें बड़हरिया प्रखंड का हरिहरपुर लालगढ़, दरौली का दोन बुजुर्ग, दरौंदा के बगौरा, बाल बंगरा एवं रूकुंदीपुर, गुठनी का बरपलिया, हसनपुरा का राजनपुरा, हुसैनगंज का खानपुर खैराटी, महाराजगंज के हाजपुरवा एवं पोखरा, मैरवा का बड़गांव, रघुनाथपुर का रघुनाथपुर, सिसवन का भागर तथा सदर प्रखंड के बलेथा एवं चनौर शामिल हैं.बैठक में गोदाम निर्माण कार्य की भी समीक्षा की गई. अधिकारियों ने बताया कि जिले में वर्तमान में 30 पैक्स गोदामों का निर्माण कार्य प्रगति पर है.इस पर डीसीओ ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि हर हाल में 31 मई तक सभी निर्माणाधीन गोदामों का कार्य पूर्ण कर लिया जाए. उन्होंने चेतावनी दी कि निर्धारित समय सीमा के भीतर गोदाम निर्माण पूरा नहीं करने वाले पैक्सों के विरुद्ध भी कार्रवाई की जाएगी. डीसीओ सौरभ कुमार ने कहा कि पैक्सों को केवल धान खरीद तक सीमित नहीं रहना है, बल्कि उन्हें व्यवसायिक रूप से भी मजबूत बनाना होगा. इसके लिए सभी पात्र पैक्स को उर्वरक लाइसेंस उपलब्ध कराने की प्रक्रिया तेज की जाए ताकि वे किसानों को खाद-बीज उपलब्ध कराने के साथ अपना व्यवसाय बढ़ा सकें. उन्होंने निर्देश दिया कि जिन पैक्स प्रतिनिधियों ने अब तक आवश्यक प्रशिक्षण प्राप्त नहीं किया है, उन्हें शीघ्र प्रशिक्षण दिलाया जाए और उसके बाद कृषि विभाग के माध्यम से लाइसेंस उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जाए. बैठक में डीसीओ ने कहा कि सहकारिता विभाग की योजनाओं का लाभ तभी जमीन पर दिखेगा जब पैक्स सक्रिय और जवाबदेह बनेंगे. उन्होंने सभी बीसीओ से कहा कि अपने-अपने क्षेत्र के पैक्स की नियमित मॉनिटरिंग करें तथा कार्यों में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ तत्काल रिपोर्ट करें.
चावल आपूर्ति में लापरवाही पर सख्त हुए डीसीओ
सीवान सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक के सभाकक्ष में मंगलवार को जिला सहकारिता पदाधिकारी सौरभ कुमार ने जिले के सभी प्रखंड सहकारिता प्रसार पदाधिकारियों के साथ बैठक की. बैठक में सीएमआर आपूर्ति की धीमी रफ्तार पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने कहा कि अब किसी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
