शिवहर में एक चिकित्सक की अपहरण की योजना की बात भी गिरफ्तार अपराधियों
ने स्वीकारी
मुजफ्फरपुर के शराब व्यवसायी ने
40 हजार 20 पॉकेट शराब देकर खरीदी थी लूट की गाड़ी
शिवहर : पुलिस ने विगत 25 फरवरी को नयागांव फेनहारा सीमा पर पूर्वी चंपारण के ढ़ाका थाना क्षेत्र के पचपकड़ी निवासी आलू व्यवसायी राजू कुमार गुप्ता से लूटी गयी चार चक्का बिटारा ब्रिजा गाड़ी न. बीआर 55- 8100 गाड़ी को बरामद किया है.
हालांकि गाड़ी का रंग व नंबर अपराधियों द्वारा बदल दिया गया है, ताकि पुलिस को चकमा दे सके. किंतु पुलिस को चकमा देने में अपराधी कामयाब नहीं हो सके. पुलिस ने इस मामले में अपराधी पूर्वी चंपारण के फेनहारा थाना क्षेत्र के इजोरवारा निवासी आनंद मोहन उर्फ रंजेश कुमार सिंह उर्फ मोहन सिंह को गिरफ्तार कर लिया है. जबकि इजोरवारा गांव निवासी सन्नी सिंह को जयपुर से गिरफ्तार किया है. पुलिस ने लूट में प्रयुक्त तीन बाइक को बरामद किया है.
वही पीड़ित से लूटी गयी मोबाइल व अपराधी का दो मोबाइल भी बरामद किया है. इसके पूर्व पुलिस ने घटना स्थल से प्राप्त डेंप डाटा व लूटे गये मोबाइल फोन के आधार पर तकनीकी अनुसंधान के बाद घटना में संलिप्त इजोरवारा गांव निवासी मधु सिंह उर्फ मधुरेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज चुकी है. पुलिस ने उसके पास से लूटी गयी मोबाइल, दो कारतूस व एक पिस्टल का मैगजीन बरामद किया था. उसकी निशानदेही पर पुलिस ने उसके साथी अन्य अपराधियों को गिरफ्तार किया है.
एसपी ने प्रेस वार्ता में बताया कि गिरफ्तार अपराधी आनंद मोहन उर्फ रंजेश कुमार सिंह उर्फ मोहन सिंह नाम बदलकर लूट की घटनाओं को अंजाम देता रहा है. वह नारायण हॉस्पीटल शिवहर में कंपाउंडर था. जबकि डॉ अरूण कुमार के यहां भी शिवहर में कंपाउंडर का कार्य कर चुका था. शिवहर के अपोलो जांच घर से भी उसके नजदीकी संबंध रहे है. उसने एक चिकित्सक के अपहरण की भी योजना बना रखी थी. जिसे पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर विफल कर दिया. कहा कि इस अंतरजिला अपराधी गिरोह के तार जयपुर व मुंबई तक जुड़े हैं.
एसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान उक्त अपराधियों ने बताया कि लूटी गयी बिटारा ब्रिजा गाड़ी मुजप्फरपुर के शराब व्यवसायी को 40 हजार नकद व 20 पेटी शराब के एवज में बेच दी गयी थी. गाड़ी मुजप्फरपुर जिला के पानापुर थाना क्षेत्र के गोविंदपुर फुलकाहां गांव निवासी मुकेश कुमार सिंह उर्फ नवनीत व उसके भाई विकास सिंह से बेचने की बात सामने आयी है.
हालांकि पुलिस ने लूट की गाड़ी मुजप्फरपुर रेलवे स्टेशन के पास छुपाकर रखी गयी स्थिति में बरामद की गयी है.बताया कि नये गाड़ी की कीमत करीब 12 लाख रुपये है. इस मामले में फरार अपराधियों के गिरफ्तारी के लिये एसपी ने टास्क फोर्स गठित कर दिया है. पुलिस फरार अपराधी इजोरवारा गांव निवासी मनीष सिंह उर्फ भोली सिंह, गवंधी परसौनी निवासी राहुल सिंह उर्फ छोटू सिंह की गिरफ्तारी के लिये छापेमारी कर रही है. एसपी ने कहा कि लूट की गाड़ी खरीदार शराब व्यवसायी मुकेश कुमार सिंह शिवहर के बिसाहीं में शराब के खेप गिराने के दौरान गिरफ्तार किया गया था. किंतु वह पुलिस अभिरक्षा से फरार हो गया था.
जिसमें वर्तमान में न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया है. विकास सिंह उसका भाई है, जो फरार है. उसकी गिरफ्तारी के लिये टास्क फोर्स गठित कर दिया गया है. लूट कांड के अपराधी भाग रहे सन्नी को दबोचने के दौरान पुअनि राकेश चौधरी व कर्मी अजित कुमार घायल हो गये किंतु उसे गिरफ्त में लेने में कामयाब रहे.
इस कांड के खुलासे के लिए गठित टीम में एसडीपीओ प्रितीश कुमार, पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय जगदानंद ठाकुर, पुनि सुदामा राय, थानाध्यक्ष सुजित कुमार, अनुसंधानकर्ता पुअनि कन्हैया कुमार, पुअनि राजेश चौधरी, अपराध प्रवाचक राज कुमार झा, प्रभारी तकनीकी शाखा मनीष कुमार भारती, सिपाही 200 अजित कुमार शामिल थे. एसपी ने कहा इन्हें पुरस्कृत करने हेतु मुख्यालय को पत्र भेजा जायेगा.
