शिवहर : जिले में बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित नरिकटया और कररिया में बाढ़ राहत कैंप व स्वास्थ्य शिविर आइआइटी आइएसएम धनबाद के छात्रों ने लगाकर राहत सामग्री का वितरण किया.
राहत कैंप में मुख्य रूप से कपड़ा का वितरण किया गया. वही स्वास्थ्य शिविर में पटना से आये डॉक्टर की टीम जिसमें डॉ मनोरंजन कुमार,डॉ विकास कुमार, डॉ सूरज कुमार ने स्वास्थ्य जांच किया. इस दौरान ग्रामीणों का स्वास्थ्य जांच कर उचित दवा दिया गया. इसके अलावा पीड़ितों को बाढ़ से निपटने के तरीके व आनेवाली समस्याओं से संबंधित जानकारी देने के लिए एक पुस्तक भी बांटा गया. शिविर में आइआइटी धनबाद के छात्र अभिषेक कुमार सिंह ने कहा हमलोग करीब एक 15 दिन से सामग्री एकत्रित कर रहें थे.
उन्होंने इस अभियान में सहयोग करने वाले सभी लोगों को धन्यवाद दिया. टूटे बाध का निरीक्षण करने के बाद सिविल इंजीनियरिंग के छात्र हिमांशु ने कहा शिवहर के नरकटिया में बाध का टूटने का कारण नदी के जल का सही ढंग से प्रबंधन नहीं हो पाना हैं. अगर सही ठंग से नदी के जल का प्रबंधन किया जाता तो शायद इस तरह की स्थिति नहीं आती. टीम में आइआइटी आइएमएस के छात्र अभिषेक कुमार सिंह, हिमांशुु मिश्रा, इंद्रजीत वर्मा, विकास महाजन, स्वतंत्र कुमार पांडेय,जसवंत रावत,
धनंजय कुमार, पीएमसीएच पटना से आये कई लोग शामिल थे.
इस दौरान स्थानीय युवा संगठन के मुकुंद सिंह,आजम शेख, सुधीर गुप्ता व मुकुंद प्रकाश मिश्र ने भी इस अभियान में सहयोग किया.
कररिया में राहत कैंप बंद, सर्वे कार्य जारी: डुमरी कटसरी. बाढ़ प्रभावित प्रखंड के मकसूदपुर कररिया पंचायत में बाढ़ राहत कैंप को बंद कर दिया गया. बाढ़ का पानी कम होने के बाद प्रशासन द्वारा बंद करने का निर्णय लिया गया है.
इधर सर्वे का कार्य युद्ध स्तर पर जारी है. बीडीओ अरुण कुमार ने बताया कि सर्वे के लिए तीन टीम बनायी गयी है. प्रथम टीम प्रखंड कल्याण पदाधिकारी अजय कुमार, दूसरी टीम प्रखंड सांख्यिकी पदाधिकारी वाई बिजेंद्र व तीसरी टीम प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी रामदयाल प्रसाद के नेतृत्व में कार्य करेगी.
