अतिक्रमण हटाने के खिलाफ भाकपा माले ने किया प्रदर्शन

भाकपा माले के तत्वावधान में विभिन्न आयु वर्गों के लोगों ने गुरुवार को डीएफओ कार्यालय, सासाराम के समक्ष प्रदर्शन किया

वन विभाग पर लगाया मनमानी का आरोप नोटिस भेजकर घर तोड़ने की दी जा रही धमकी फोटो-5- प्रदर्शन करते भाकपा माले के सदस्य. प्रतिनिधि, सासाराम ऑफिस भाकपा माले के तत्वावधान में विभिन्न आयु वर्गों के लोगों ने गुरुवार को डीएफओ कार्यालय, सासाराम के समक्ष प्रदर्शन किया. कार्यकर्ताओं ने वन विभाग पर मनमानी का आरोप लगाया. साथ ही विभिन्न मांगें रखीं. भाकपा माले के जिला सचिव अशोक बैठा ने कहा कि वन विभाग की ओर से कानून विरोधी तरीके से अतिक्रमण का नोटिस भेजकर घर तोड़ने की धमकी दी जा रही है. प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाते हुए कहा कि वन विभाग की ओर से बिना खाता, प्लॉट या रखवा के सीमांकन किये ही नोटिस भेजकर घर तोड़ने की धमकी दी जा रही है. यह पूरी तरह गैरकानूनी और मनमानी है. विभाग की ओर से भेजा गया नोटिस न केवल नियमों के खिलाफ है, बल्कि वन अधिकार अधिनियम 2006 और उससे पूर्व अनुसूचित जनजातियों के लिए बनाये गये कानूनों में दिये गये अधिकारों का भी खुला उल्लंघन है. भाकपा माले के जिला सचिव ने कहा कि वन विभाग का यह रवैया गरीब और आदिवासी परिवारों को डराने वाला है. बिना वैध प्रक्रिया अपनाये इस तरह की धमकी स्वीकार नहीं की जायेगी. उन्होंने मांग की कि अविलंब इस नोटिस को वापस लिया जाए और कानून व नियमों के अनुसार ही कोई कार्रवाई की जाए. प्रदर्शन में रीता देवी, सोनी देवी, मिथिलेश राम, शीला देवी, माधुरी देवी, विनोद कुमार बहेलिया, विजय राम, भानु प्रकाश, शशिकांत यादव, निराला और सोनू दबंग सहित अन्य लोग शामिल रहे. प्रदर्शनकारियों ने कहा यदि नोटिस वापस नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जायेगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Anurag sharan

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >