Sasaram News(आमोद सिंह): सासाराम में मंडी को व्यवस्थित करने में नगर निगम जुटा हुआ है. लेकिन, मछली विक्रेताओं को विस्थापित होने की आशंका सता रही है. बाउंड्री का कार्य जैसे-जैसे आगे बढ़ा विक्रेताओं को विस्थापन की चिंता सताने लगी है. नगर निगम मछली मंडी के चारों ओर बाउंड्री कर रहा है, जीटी रोड की ओर से करीब दो माह पहले ही निगम ने बाउंड्री कर दिया है. वहीं पिछले चार दिनों से से रौजा रोड की ओर से बाउंड्री का कार्य किया जा रहा है.
अब रौजा रोड से अड्डा रोड की ओर जानेवाली सड़क की तरफ से बाउंड्री का कार्य शुरू होनेवाला है. ऐसे में मछली विक्रेताओं को चिंता होने लगी की हमें यहां से हटाया जायेगा. इसी डर को दूर करने के लिए गुरुवार को 10 से अधिक मछली विक्रेता नगर आयुक्त से मिलने नगर निगम पहुंचे. नगर आयुक्त से मिलने के बाद मछली विक्रेताओं की चिंता थोड़ी कम हुई है. मछली विक्रेता रेयाज ने बताया कि नगर आयुक्त ने भरोसा दिया है कि मछली विक्रेताओं की विस्थापित नहीं किया जायेगा. गंदगी की वजह से बाउंड्री कर मंडी को व्यवस्थित किया जा रहा है. साथ ही उन्होंने आश्वासन दिया है कि मंडी को दो फ्लोर का बनाया जायेगा ताकि सभी विक्रेता सुगमता से अपना कारोबार कर सकें और इधर से गुजरनेवाले लोगों को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े.
खुले में बेचने से रोकने का प्रयास
नगर आयुक्त विकास कुमार ने बताया कि मछली विक्रेता खुले में मछली बेच रहे थे, जिसकी शिकायत आये दिन कार्यालय पहुंच रही थी. कुछ लोगों ने नाले में कचरा फेंकने की भी शिकायत की थी. इस वजह से पहले जीटी रोड की तरफ से बाउंड्री किया गया था. लेकिन, अब तीन तरफ से बाउंड्री किया जा रहा है. एक तरफ स्ट्रॉंग रूम की बाउंड्री है. मछली विक्रेता और ग्राहकों को आने जाने के लिए रौजा रोड से अड्डा रोड की तरफ जानेवाले रास्ते मछली मंडी में आने का रास्ता रहेगा. इससे मछली का कारोबार करने वाले सड़क को जाम नहीं करेंगे.
मछली विक्रेताओं को शिफ्टिंग का भय
मछली मंडी को वेंडिंग जोन में शिफ्ट करने की तैयारी की जा रही थी. नक्शा के साथ-साथ कार्य भी शुरू हो गया था. कार्यस्थल को जेसीबी मशीन से साफ कर मार्किंग की गयी थी. तब तक जिला पर्षद ने इसपर आपत्ति दर्ज कराते हुए. इस भूमि को अपना बताया, जिसके बाद से मछली मंडी के शिफ्टिंग का कार्य अधर में लटक गया और पुराने मंडी का चारदिवारी निर्माण होने लगा. अब फिर से मछली विक्रेताओं को शिफ्टिंग का भय सताने लगा है. इस संबंध में नगर आयुक्त ने कहा कि फिलहाल मछली मंडी शिफ्टिंग का कोई प्लान नहीं है. अगर इन्हें दूर भेज दिया जायेगा, तो फिर कारोबार पर असर पड़ेगा. निगम को इनसे आय होता है. ऐसे में इन्हें केवल व्यवस्थित किया जा रहा है.
Also Read: बक्सर जिला परिवहन कार्यालय से भारी मात्रा में शराब बरामद, छापेमारी के बाद डीटीओ दफ्तर में मचा हड़कंप
