मांझी. 10 दिवसीय विशेष जागरूकता अभियान के तहत प्रखंड सभागार में महिलाओं के पोषण और सशक्तीकरण विषय पर एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का उद्घाटन एम्पावरमेंट ऑफ वीमेन की जिला मिशन समन्वयक निभा कुमारी, वन स्टॉप सेंटर सारण की केंद्र प्रशासक मधुबाला, वित्तीय साक्षरता विशेषज्ञ सत्येंद्र कुमार, मनोसामाजिक परामर्शी कुमारी शैलजा और जेंडर विशेषज्ञ सुजाता श्री ने संयुक्त रूप से दीप जलाकर किया. कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला मिशन समन्वयक निभा कुमारी ने महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार लाने के लिए खान-पान में देसी और मोटे अनाज को शामिल करने पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि आजकल महिलाओं में एनीमिया की समस्या तेजी से बढ़ रही है, जिसका मुख्य कारण आधुनिक जीवनशैली और पौष्टिक आहार की कमी है. उन्होंने बताया कि इस समस्या से निबटने के लिए भोजन की थाली में सभी तरह के पौष्टिक तत्वों को शामिल करना जरूरी है. गर्भावस्था के दौरान आयरन की गोली और 1000 दिन की विशेष देखभाल से पोषण स्तर में सुधार लाया जा सकता है. वन स्टॉप सेंटर की केंद्र प्रशासक मधुबाला ने महिलाओं को घरेलू हिंसा, साइबर सुरक्षा, 181 हेल्पलाइन और अन्य कल्याणकारी योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया. इस कार्यक्रम में वन स्टॉप सेंटर की मनोसामाजिक परामर्शी कुमारी शैलजा, महिला पर्यवेक्षिका, सेविका और सहायिकाएं भी उपस्थित थीं.
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