दीपावली पर पटाखा बेचने के लिए लेना होगा लाइसेंस

यदि आप इस साल दीपावली या छठ महापर्व पर पटाखे की दुकान लगाने की योजना बना रहे हैं, तो सावधान हो जाइए.

छपरा. यदि आप इस साल दीपावली या छठ महापर्व पर पटाखे की दुकान लगाने की योजना बना रहे हैं, तो सावधान हो जाइए. जिला प्रशासन ने सख्त आदेश जारी किये हैं कि दुकान लगाने से पहले लाइसेंस लेना और निर्धारित शर्तों का पालन करना अनिवार्य होगा. नियमों का उल्लंघन करने पर सीधे जेल भेजने की कार्रवाई की जायेगी. जिलाधिकारी अमन समीर ने जिला जनसंपर्क पदाधिकारी रविंद्र कुमार के माध्यम से यह आदेश जारी किया है.

क्या है नई नियमावली और शर्तें

विस्फोटक नियमावली-2008 के नियम 84 और एक्सप्लोसिव अमेंडमेंट रूल्स 2019 के तहत, आगामी दीपावली एवं छठ पर्व-2025 के अवसर पर अस्थायी पटाखा धारण एवं बिक्री के लिए अस्थायी अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) देने का प्रावधान किया गया है. पटाखों की बिक्री के लिए अस्थायी लाइसेंस इन्हीं 16 निर्धारित शर्तों पर दिया जायेगा, जिनका पालन हर दुकानदार को करना होगा. इनमें पटाखा रखने का स्थान अज्वलनशील पदार्थ से बना हो, जहां अनाधिकृत व्यक्ति की पहुंच न हो. रखने और विक्रय का स्थल एक-दूसरे से कम से कम तीन मीटर की दूरी पर और किसी संरक्षित कार्यसे 50 मीटर की दूरी पर होना चाहिए. विक्रय स्थल और संरक्षित स्थल आमने-सामने नहीं होने चाहिए. तेल/गैस लैम्प या खुली रोशनी पटाखा स्थल के शेड से दूर रखी जाए. यदि बिजली की रोशनी का प्रयोग होता है, तो वायरिंग दीवार या छत में फिक्स हो; झूलते हुए बिजली के तार का प्रयोग सख्त मना है. प्रत्येक दुकान के लिए स्विच अलग-अलग दीवार पर फिक्स रहेगा और उनका मास्टर स्विच कतारबद्ध रहेगा. पटाखा का प्रदर्शनी स्थल शेड से 50 मीटर के अंदर नहीं रहेगा. एक क्लस्टर में 50 से अधिक दुकानों की अनुमति नहीं दी जाएगी. समस्त पटाखा बाजार के आसपास प्राथमिक उपचार, एम्बुलेंस और कम से कम दो अग्निशमन वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे. सभी पटाखा बाजार और निर्माण स्थल पर विस्फोटक व खतरनाक सामग्री का चेतावनी बोर्ड लगा होना चाहिए. केवल ग्रीन पटाखों की बिक्री या उपयोग की अनुमति होगी. कम उत्सर्जन वाले पटाखों के अतिरिक्त अन्य प्रकार के पटाखों की बिक्री या उपयोग प्रतिबंधित रहेगा. पटाखे फोड़ने की निर्धारित अवधि केवल रात 8 बजे से रात 10 बजे तक रहेगी, जिसका सख्ती से अनुपालन कराया जाएगा. इच्छुक आवेदक अस्थायी अनुज्ञप्ति प्राप्त करने के लिए सभी अनुमंडल दण्डाधिकारी के यहां आवेदन दे सकते हैं.

जिले में पटाखों का बाजार

सारण जिले में लगभग 125 थोक विक्रेता और 2500 खुदरा दुकानदार हर साल पटाखों की बिक्री करते हैं, जिससे लगभग 35 करोड़ रुपये का कारोबार होता है. इस बड़े कारोबार को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और प्रदूषण नियंत्रण के लिए यह कदम उठाया है.

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Published by: Alok kumar

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