भीड़ द्वारा उपद्रव मचाये जाने पर पुलिस द्वारा चलायी गयी गोली से किसी के घायल होने या मौत होने पर सरकार को मुआवजा देना पड़ता है और पुलिसकर्मियों को कई तरह की जांच तथा मुकदमों का भी सामना करना पड़ता है. इस नये प्रयोग से अब किसी को किसी तरह का कोई नुकसान नहीं होगा. गोली जिसको लगेगी उसे भी कोई नुकसान नहीं होगा और गोली मारनेवालों को भी किसी तरह की जांच और मुकदमों का सामना नहीं करना पड़ेगा. जिसे गोली लगेगी उसे भी किसी तरह के इलाज की जरूरत नहीं होगी.
गोली से नहीं होगा कोई नुकसान
भीड़ द्वारा उपद्रव मचाये जाने पर पुलिस द्वारा चलायी गयी गोली से किसी के घायल होने या मौत होने पर सरकार को मुआवजा देना पड़ता है और पुलिसकर्मियों को कई तरह की जांच तथा मुकदमों का भी सामना करना पड़ता है. इस नये प्रयोग से अब किसी को किसी तरह का कोई नुकसान नहीं होगा. […]

छपरा (सारण) : उपद्रवियों को खदेड़ने तथा भीड़ नियंत्रित करने के आधुनिक ज्ञान से पुलिसकर्मियों की कार्यक्षमता बढ़ेगी. उक्त बातें डीआइजी अजीत कुमार राय ने पुलिस केंद्र में पेपर गन तथा पिलेट गन चलाने का प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए रविवार को कहीं. उन्होंने कहा कि विधि व्यवस्था की गंभीर परिस्थिति को भी सहज व सरल ढंग से नियंत्रित किया जा सकेगा. इसके लिए तत्काल पेपर गन और पिलेट गन उपलब्ध हो गयी है. अनुमंडल व जिला मुख्यालय के थाने में दंगा व भीड़ नियंत्रण के लिए पेपर व पिलेट गन उपलब्ध करायी जा रही है.
पुलिस अधीक्षक पंकज कुमार राज ने कहा कि तीन पेपर गन और छह पिलेट गन उपलब्ध हो गयी हैं. पेपर गन से फायर करने पर किसी को जख्म नहीं पहुंचेगा, लेकिन तेज खुजली व जलन होगी. पिलेट गन से फायर करने पर चोट लगेगी. इससे भीड़ को नियंत्रित किया जा सकेगा. अब लाठी के बजाय सीधे गोली का प्रयोग किया जायेगा. अधिक संख्या वाली भीड़ को भी कम पुलिस बल द्वारा नियंत्रित किया जा सकेगा. यह अनुठा प्रयोग काफी आधुनिक है. सभी दृष्टिकोण से यह प्रयोग कारगर व सार्थक है. इस अवसर पर सहायक पुलिस अधीक्षक मनीष, मेजर राजीव नयन, सार्जेंट राजेश कुमार, समेत अन्य पुलिस पदाधिकारी मौजूद थे.