ज्यादा फल खाना नुकसानदेह

सतर्कता. सड़क किनारे बिक रहे कटे तरबूज व पपीता से करें परहेज तरबूज में पाया जाता है लाइकोपिन नामक तत्व बाजारों में ठेले व खोमचे पर रख कर खुले में बिकनेवाले कटे हुए फल खाने के कारण लोगों में कई तरह की बिमारियां बढ़ रही हैं. फल खाकर बीमारी से मुक्ति पाने व स्वास्थ्य को […]

सतर्कता. सड़क किनारे बिक रहे कटे तरबूज व पपीता से करें परहेज

तरबूज में पाया जाता है लाइकोपिन नामक तत्व
बाजारों में ठेले व खोमचे पर रख कर खुले में बिकनेवाले कटे हुए फल खाने के कारण लोगों में कई तरह की बिमारियां बढ़ रही हैं. फल खाकर बीमारी से मुक्ति पाने व स्वास्थ्य को बेहतर बनाने की परिकल्पना करनेवालों की सोच को विशेषज्ञों ने गलत करार दिया है. खुले स्थान पर कटा हुआ फल खाने से बेहतर है फल नहीं खाना.
छपरा (सारण) : गरमी के इस मौसम में बाजारों में तरबूज की बिक्री खूब हो रही है. परंतु आप भी तरबूज को हर बीमारी की दवा समझ कर भरपूर सेवन तो नहीं कर रहे हैं? अगर हां, तो जरा ठहरिये. किसी भी चीज की अति अच्छी नहीं होती, चाहे वह तरबूज ही क्यों न हो. तरबूज के क्या फायदे हैं, यह तो सबको पता है.
लेकिन, तरबूज अपना असर तब तक ही दिखाता है, जब तक इसका सेवन सीमा में किया जाये. ज्यादा तरबूज खाने से आपको डायबिटीज, डायरिया, दिल की बीमारी समेत कई तरह के रोगों का सामना करना पड़ सकता है. शहर के जानेमाने िचकित्सक डा़ अिनल कुमार के अनुसार तरबूज अधिक खाने पर किडनी,
हृदय तथा पेट संबंधित बीमारियों के होने का खतरा बढ़ जाता है. तरबूज में पाये जानेवाले लाइकोपीन के कारण कै-दस्त, डायरिया का संक्रमण अधिक होता है. संक्रमण का मुख्य कारण कटे हुए फल को खुले में रख कर बेचनेवालों से खरीदना और खाना है. बड़े पैमाने पर शहर में ठेले व खोमचे पर तरबूज, पपीता समेत अन्य फलों को बेचा जाता है.
ज्यादा तरबूज का सेवन आपको कर सकता है बीमार
इसका करें पालन
खुले में बिकनेवाले कटे हुए फल खाने से करें परहेज
फलों को काटने के पहले अच्छी तरह से धो लें तथा चाकू को भी साफ कर लें
साफ बरतन में फलों को काट कर परोसें
फलों को काटने के बाद तुरंत खा लें
फलों को काटने के पहले अपने हाथ को अच्छी तरह साफ कर लें
तरबूज के साडड इफेक्ट्स
तरबूज में अधिक मात्रा में नेचुरल शुगर मौजूद होता है.
ज्यादा मात्रा में इसका सेवन करने से डायबिटीज बढ़ने की आशंका
रहती है.
तरबूज में लाइकोपिन नामक तत्व पाया जाता है.
इसकी वजह से ज्यादा तरबूज खाने पर डायरिया का संक्रमण
हो सकता है.
तरबूज में पोटाशियम भी काफी मात्रा में पाया जाता है.
अगर आप दिल के मरीज हैं, तो ज्यादा तरबूज न खाएं
तरबूज में पोटाशियम की मात्रा ज्यादा होने से आपको परेशानी
हो सकती है.
अधिक मात्रा में तरबूज का सेवन करने से इसमें मौजूद मिनरल्स किडनी को नुकसान पहुंचाने लगते हैं.
तरबूज में अर्जिनाइन अमीनो एसिड होता है
इसे ज्यादा खाने से अस्थामा का अटैक भी आ सकता है.
तरबूज खाने से आपको थकान का एहसास ज्यादा होगा. क्योंकि, तरबूज में 92% पानी होता है, शरीर में ज्यादा मात्रा में पानी होने से आपको थकान महसूस होती है.
तरबूज में मौजूद सिट्रलिन बीपी को कम करता है
अगर आपको लो बीपी की शिकायत है, तो इसका सेवन कम ही करें.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >