जहानाबाद : जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में अपराधियों ने एक बार फिर फन फैलाना शुरू कर दिया है. चोरी, लूट , छिनतई की घटनाओं के साथ-साथ अब लूटेरे पेट्रोल पंपों को निशाने पर ले रखा है. महज तीन घंटे के भीतर दो पंपों पर हुई लूट की घटना ने पेट्रोल -डीजल पंप के संचालकों में डर उत्पन्न कर दिया है. लुटेरों की सक्रियता से वे सहम गये हैं. हालांकि पुलिस प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया है. अपराधियों को पकड़ने के लिए छापेमारी की जा रही है.
अब पेट्रोल पंपों को बना रहे निशाना
जहानाबाद : जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में अपराधियों ने एक बार फिर फन फैलाना शुरू कर दिया है. चोरी, लूट , छिनतई की घटनाओं के साथ-साथ अब लूटेरे पेट्रोल पंपों को निशाने पर ले रखा है. महज तीन घंटे के भीतर दो पंपों पर हुई लूट की घटना ने पेट्रोल -डीजल पंप के संचालकों […]

एक ही गैंग की है करतूत:सोमवार को बाइक सवार अपराधियों ने एनएच और एसएच किनारे स्थित दो पेट्रोल पंपों को निशाना बनाया. शाम पांच बजे जहानाबाद-घोसी रोड में काजीसराय और जहानाबाद-गया रोड में टेहटा बाइपास पर संचालित पेट्रोल पंप को रात सवा आठ बजे लूटने की घटना एक ही गैंग की करतूत है. पुलिस के अनुसार दोनों घटना में जिन दो बाइकों का इस्तेमाल किया गया तो वो एक ही है. लूटरों के बारे में भी पुलिस को ठोस जानकारी मिली है. जिसे पकड़ने के लिए छापेमारी की जा रही है.
पेट्रोल पंप के संचालक हैं भयभीत:
तीन घंटे के अंदर दो पंपों पर लूट की घटना से संचालकों में भय व्याप्त हो गया है. इस जिले में एन एच किनारे और ग्रामीण इलाके में पंपों की संख्या 24 है, जिसमें 12 पेट्रोल पंप एनएच पर संचालित हैं. शेष 12 जिले के ग्रामीण इलाके में हैं. शहर में संचालित पेट्रोल पंप अमूमन रात दस बजे बंद कर दिये जाते हैं अब लूट की बढ़ती घटना से ग्रामीण इलाके के पेट्रोल पंप संचालक ज्यादा भयभीत हो गये हैं और वे शाम होते ही अपना पंप बंद देना मुनासीब समझ रहे हैं.
जहानाबाद टाउन बना है अपराधियों का अड्डा:चोरी, छिनतई और लूट की घटना को अंजाम देने वाले अपराधियों का सुरक्षित स्थान है जहानाबाद शहर. मिली जानकारी के अनुसार अभी कम से कम अपराधियों के चार गिरोह ऐसे हैं जो शहर के विभिन्न मोहल्लों में बतौर किरायेदार के रूप में रहते हैं. ज्यादातर लॉज टाइप के मकानों में पढ़ाई करने के नाम पर अपराधी प्रवृति के युवक शेल्टर ले रखे हैं. मकान मालिक द्वारा गहरायी से जांच-पड़ताल किये बगैर ऐसे असामाजिक तत्वों को किराये पर कमरा दे दिया जाता है. यहां कुछ दिनों के भीतर ही बदमाशों का आना-जाना शुरू हो जाता है. अपराध की योजना बनायी जाती है.
पढ़ाई के नाम पर करते हैं रेकी:अपराधियों का गिरोह छात्र बनकर ऐसे घरों में रहता है. कोई इंटरव्यू देने तो कोई टयूशन कोचिंग जाने के नाम पर घर से लापता रहता है. वस्तुत: उनका असली नाम काम होता है. चोरी व लूट की घटना को अंजा म देने वाले स्थानों की रेकी करना. संतुष्ट हो जाने पर ऐसे अपराधी अंतरजिला गिरोह के सदस्यों को बुलाते हैं और फिर दिया जाता है घटना को अंजाम. इस स्थिति से पुलिस अवगत है. 22 नवंबर को छोटू गैंग के सरगना सहित पकड़े गये पांच लुटेरों ने पुलिस को ऐसी कई जानकारियां दी थी. उनके आधार पर पुलिस की गुप्त कार्रवाई चल रही है.
क्या कहते हैं अधिकारी
दो पेट्रोल पंप पर लूट की घटना में शामिल अपराधियों और उसके गिरोह की पहचान हो चुकी है. ये वही लोग हैं जिन्हें पूर्व में गिरफ्तार किया गया था. जेल से निकलने के बाद फिर से हरकत शुरू कर दी है. पुलिस उसके संभावित ठिकाने पर छापेमारी कर रही है. शीघ्र लुटेरे पुलिस की गिरफ्त में होंगे.
आदित्य कुमार, एसपी, जहानाबाद