छपरा (सदर) : सारण जिले के किसानों को खरीफ फसल के बेहतर उत्पादन के लिए विभाग पूरी तरह तैयार है. श्री विधि या अन्य योजनाओं के तहत किसानों को अनुदानित बीज आदि उपलब्ध कराने के साथ-साथ उन्हें प्रशिक्षण देने का काम प्रखंडों में चल रहा है. यह जानकारी जिला कृषि पदाधिकारी सुरेंद्र नाथ ने दी.
उन्होंने कहा कि सारण जिले को गुरुवार को दो सौ क्विंटल ढैंचा (हरी खाद) बीज उपलब्ध हुआ है. वहीं एक-दो दिन में 15 सौ क्विंटल और बीज उपलब्ध हो जायेगा. जिले के लिए कुल 3,550 क्विंटल ढैंचा बीज मिलना था, परंतु चुनाव आचार- संहिता के कारण जिले में बीज नहीं आ पाया.
उन्होंने कहा कि गत दिन हुई बारिश के कारण किसानों को ढैंचा खेत में लगा कर मिट्टी की उर्वराशक्ति बढ़ाने का उपयुक्त समय है. किसान ढैंचे के बीज को लगा कर देर से उपजने वाले धान की खेती बेहतर ढंग से कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि अभी भूमि में नमी बनी है.
ऐसी स्थिति में ढैंचे के बीज का अंकुरण व वृद्धि भी तेजी से होगी. हालांकि जिले के अधिकतर गांवों में किसानों के समक्ष ढैंचा बीज उपलब्ध नहीं होने के कारण परेशानी देखी गयी. किसानों का कहना था कि आचार-संहिता या किसी और कारण से जिला प्रशासन ने समय पर ढैंचा बीज नहीं मंगाया, जिससे समय पर उसकी बोआई नहीं हो पायी.
