छपरा : दोष को छुपाने के लिए भेदभाव, अनदेखी व निष्क्रियता की बातें सिर्फ आधी-अधूरी कोशिश की दास्तान हैं. सच यही है कि पूरी मेहनत, भरपूर लगन एवं संपूर्ण विश्वास के साथ प्रयास किया जाये, तो, कामयाबी की राहें जरूर हमवार होंगी और मंजिल यकीनन मिलेगी.
करीमचक राहत रोड निवासी शहजाद अहमद की पुत्री अरफा मोबिन की सफलता इसका बेहतरीन उदाहरण है. अरफा ने सीबीएसइ की परीक्षा में 10 सीजीपीए अंक प्राप्त कर अल्पसंख्यक छात्रओं में जिले में टॉप किया है. उन्होंने सभी विषयों में ए वन ग्रेड प्राप्त कर औसत रूप से 10 में दस अंक अजिर्त किया है.
अरफा अपनी सफलता के लिए अपने पिता, मां जीनत अहमद व बड़ी बहन सारा अनम की दुआओं, दिशा-निर्देश व अपनी मेहनत को श्रेय देती है. अरफा ने प्रारंभ से ही योजनाबद्ध व निरंतर अध्ययन करके उक्त सफलता प्राप्त की है. उसने इस वर्ष के परीक्षाफल में मुसलिम वर्ग के लिए न सिर्फ मिसाल कायम की है, बल्कि उस वर्ग के मान-सम्मान में इजाफा किया है. उनकी सफलता पर लोग फक्र का एहसास कर रहे हैं.
अरफा आगे चल कर विज्ञान का अध्ययन कर इंजीनियरिंग करना चाहती है. अरफा के पिता श्री अहमद ने अपनी पुत्री की सफलता के पीछे बुजुर्गो की दुआओं व अल्लाह की इनायत का परिणाम बताया है.
