Bihar/Samastipur News: मोरवा : हलई थाना क्षेत्र के बनबीरा पंचायत में फर्जी फिजिकल ट्रेनिंग कैंप के उद्भेदन मामले में अब तक प्राथमिकी दर्ज नहीं हुई है. जब्त की गयी गाड़ियां थाने में है. लोगों का कहना है कि अन्य मामलों में चंद घंटे के भीतर पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई शुरू करती है लेकिन इस मामले में ऐसा कौन सा पेच फंसा है जिसके कारण 10 दिन बाद भी प्राथमिकी दर्ज नहीं की जा सकी है. थानाध्यक्ष शैलेश कुमार ने बताया कि जिला परिवहन पदाधिकारी द्वारा जब्त गाड़ियों को थाने में रखा गया है. अब तक अधिकारी ने आवेदन नहीं दिया है. इसके कारण प्राथमिकी दर्ज नहीं हो सकी है. दो बार उनसे पत्राचार भी हुआ है. एक बार जिलाधिकारी को भी इसकी सूचना दी गई है. इस मामले को लेकर कोर्ट में भी आवेदन सौंपा जायेगा. डीएसपी बीके मेधावी ने बताया गया कि पुलिस की पहल के बाद बड़े पैमाने पर बच्चे ठगी का शिकार होने से बच गये. लेकिन इस मामले में देरी आखिर क्यों हो रही है इस मामले को लेकर पुलिस कप्तान से बातचीत की जायेगी. बताते चलें कि 10 जनवरी को बनवीरा पंचायत में संचालित फिजिकल ट्रेनिंग कैंप के बच्चों ने गड़बडी की शिकायत की. इसके बाद जिला परिवहन पदाधिकारी व पुलिस ने कार्रवाई की. पुलिस की पहल पर बच्चों के पैसे तो वापस हो गये लेकिन फर्जी संस्थान चलाने के आरोप में जिला परिवहन पदाधिकारी ने कोई कार्रवाई नहीं की है.
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