आरएयू में सात दिनी लेखा व वित्त प्रबंधन विषय पर प्रशिक्षण की हुई शुरु आत पूसा. राजेंद्र कृषि विश्वविद्यालय के संचार केंद्र में सात दिनी लेखा सह वित्त प्रबंधन विषय पर प्रशिक्षण की शुरु आत हुई. अध्यक्षता करते हुए कुलपति डॉ आरके मित्तल ने कहा कि दुनिया के कोई भी कार्यालय कुशल लेखापाल के बिना अधूरा है. प्रशिक्षण के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि कोई भी संस्थान में कई विभाग होते हैं. सभी में लेखापाल की आवश्यकता होती है. अलग अलग ढंग से सभी विभागों के कार्य से कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. छोटे छोटे समस्याओं को कम समय में निष्पादन करना ही कुशल लेखापाल की जिम्मेवारी होती है. किसी भी कर्मचारी के लिए रेगुलिरटी और पंचुअलिटी बहुत ही जरु री कंडीसन है. कार्य नहीं करने से कर्मियों का कार्य क्षमता दिनोंदिन घटती जाती है. प्रसार शिक्षा के निदेशक डॉ के सिंह ने कहा कि प्रशिक्षण के माध्यम से ज्ञान की धारा बहती ही रहती है, सिर्फजरु री है वहां से ज्ञान प्राप्त करने की. संचालन सहायक कुलसचिव डॉ आरके झा ने किया. जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ दिव्यांशु शेखर ने किया. मौके पर विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता, निदेशक, वैज्ञानिकों के अलावे प्रशिक्षक के तौर पर जैविअर कॉलेज पटना के डॉ अशोक कुमार सिंह, डॉ मनोज मिश्र, डॉ आरके दीवाकर, आरएस सहाय, नियंत्रक राधा कि शन प्रसाद, वीरेंद्र कुमार सिन्हा, पुष्प नायक, नसीम अहमद आदि शामिल हैं.
कुशल लेखापाल के बिना कार्यालय अधूरा : कुलपति
आरएयू में सात दिनी लेखा व वित्त प्रबंधन विषय पर प्रशिक्षण की हुई शुरु आत पूसा. राजेंद्र कृषि विश्वविद्यालय के संचार केंद्र में सात दिनी लेखा सह वित्त प्रबंधन विषय पर प्रशिक्षण की शुरु आत हुई. अध्यक्षता करते हुए कुलपति डॉ आरके मित्तल ने कहा कि दुनिया के कोई भी कार्यालय कुशल लेखापाल के बिना […]
