ट्रेन के आते ही बंद हो जाता है ट्रॉली पास

समस्तीपुर. स्थानीय जंकशन पर ट्रेन के आने के बाद ट्रॉली पास बंद हो जाता है. ऐसे में पार्सल व टीपीसी से सामानों की ढुलाई बंद हो जाती है. रेल प्रशासन हर बार ट्रॉली पास की जगह को बनाता है पर लंबी दूरी के ट्रेन की बोगी की संख्या अधिक होने व मालगाडि़यों की बोगियों की […]

समस्तीपुर. स्थानीय जंकशन पर ट्रेन के आने के बाद ट्रॉली पास बंद हो जाता है. ऐसे में पार्सल व टीपीसी से सामानों की ढुलाई बंद हो जाती है. रेल प्रशासन हर बार ट्रॉली पास की जगह को बनाता है पर लंबी दूरी के ट्रेन की बोगी की संख्या अधिक होने व मालगाडि़यों की बोगियों की संख्या ज्यादा होने से पार्र्सल व टीपीसी का कार्य बाधित हो जाता है. जब इससे सिर्फ ना सामानों की ढुलाई की समस्याएं होती है बल्कि व्यवसायियों के सामानों के प्रति लापरवाही भी है. सबसे बड़ी समस्या तब होती है सामान की ढुलाई नहीं होती है तो व्यवसायियों के सामान का ओवरकेरी होती है. व्यवसायियों की माने तो कर्मियों को ट्राली पास खाली होने के बाद एक प्लेटफॉर्म से सात नंबर तक सामानों को उतारने से लेकर भेजने की प्रक्रिया टीपीसी व पार्सल कर्मचारियों की होती है. जिसे बंद हो जाने के बाद ओवरकेरी होना आम बात हो गयी है. रेल प्रशासन इस समस्या के प्रति गंभीर होना चाहिए. पूछने पर डीसीएम वीरेन्द्र मोहन ने बताया कि इसे जल्द दूर कर लिया जायेगा.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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