आधार सेंटर है नीचे, पहली मंजिल की शौचालय की दीवार पर लगा है रेट चार्ट

आधार सेंटर है नीचे, पहली मंजिल की शौचालय की दीवार पर लगा है रेट चार्ट

पोस्ट ऑफिस सहित अन्य संस्थानों में कार्यरत आधार सेंटरों पर स्थायी रूप से नहीं लगा है रेट चार्ट शुल्क से ज्यादा पैसे लेने की मिलती रहती है शिकायतें सोनवर्षाराज. प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न पोस्ट ऑफिस सहित अन्य संस्थानों में कार्यरत आधार सेंटरों पर स्थायी रूप से रेट चार्ट अंकित नहीं रहने पर जरूरतमंदों से निर्धारित शुल्क से ज्यादा शुल्क देनी पड़ती है. यहां तक की प्रखंड मुख्यालय स्थित ई ब्लाॅक में कार्यरत आधार सेंटर के संचालक ने भी स्थायी रेट चार्ट अंकित नहीं किया है. जहां सारे दिन पदाधिकारी व अधिकारियों का आना जाना लगा रहता है. जिस वजह से जरुरतमंदों से अवैध वसूली की शिकायत मिलती रहती है. हालांकि प्रखंड मुख्यालय स्थित आधार सेंटर के संचालक ने बड़ी चालाकी से रेट चार्ट पहली मंजिल के शौचालय के बाहर चिपका रखा है. जाहिर है जो चार्ट सेंटर की दीवारों पर स्थायी रूप से अंकित रहना चाहिए, वह पहली मंजिल के शौचालय के बाहर क्यों चिपकाया गया है. यहीं नहीं किसी भी आधार सेंटर पर जरूरतमंदों के लिए कोई बुनियादी सुविधा तक नहीं है. इस कडाके की ठंड में खुले आसमान के तले घंटों जरुरतमंदों को खड़ा रहना पड़ रहा है. जहां शुद्ध पेयजल, अस्थायी शेड या बेंच तक नहीं है. आधार सेंटर पर स्थायी रूप से रेट चार्ट अंकित नहीं रहने पर या निर्धारित शुल्क से ज्यादा मूल्य लेने पर स्थानीय पदाधिकारियों के अतिरिक्त यूआईडीएआई के टोल फ्री नंबर 1947 पर शिकायत कर सकते हैं. क्योंकि स्थायी रूप से रेटचार्ट अंकित करना यूआईडीएआई के नियमों के अनुसार अनिवार्य है. यूआईडीएआई में शिकायत करने पर सेंटर को दोबारा चार्ट प्रदर्शित करने के लिए बाध्य होना होगा, अन्यथा उसके खिलाफ कार्रवाई हो सकती है. जिसमें सेंटर का बंद होना भी शामिल है. क्योंकि यह नियमों का उल्लंघन है और इससे लोगों से ज़्यादा पैसे वसूले जा सकते हैं. इस बाबत प्रभारी बीडीओ सैयद बादशाह ने कहा कि सभी आधार सेंटर के संचालकों को अविलंंब स्थायी रेट चार्ट अंकित करने का आदेश दिया जा रहा है.

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By Dipankar Shriwastaw

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