जहां-तहां रिक्शा लगा देने से रोज लगता है जाम

समाहरणालय गेट पर बेरोकटोक लगता है रिक्शा व ऑटो अनधिकृत क्षेत्र बन गया है रिक्शा स्टैंड सहरसा : शहर में यातायात की व्यवस्था ठीक नहीं रहने के कारण जहां-तहां अनधिकृत रिक्शा पड़ाव बन गया है. प्रशासनिक शिथिलता के कारण समाहरणालय जैसा सबसे महत्वपूर्ण एरिया भी अछूता नहीं रहा है. समाहरणालय गेट व विकास भवन के […]

समाहरणालय गेट पर बेरोकटोक लगता है रिक्शा व ऑटो

अनधिकृत क्षेत्र बन गया है रिक्शा स्टैंड
सहरसा : शहर में यातायात की व्यवस्था ठीक नहीं रहने के कारण जहां-तहां अनधिकृत रिक्शा पड़ाव बन गया है. प्रशासनिक शिथिलता के कारण समाहरणालय जैसा सबसे महत्वपूर्ण एरिया भी अछूता नहीं रहा है. समाहरणालय गेट व विकास भवन के बीच की खाली जगह पूरी तरह अवैध रिक्शा स्टैंड बन गया है. शहर में कहीं भी नगर परिषद द्वारा रिक्शा पड़ाव स्थल चिह्नित नहीं होने के कारण रिक्शा चालक अपनी मरजी से जहां इच्छा होती है रिक्शा खड़ा कर देते हैं. अवैध रूप से जगह-जगह बने रिक्शा स्टैंड के कारण ही बाजार में हर रोज जाम लगता है. गंगजला चौक, थाना चौक, डीबीरोड, वीर कुंवर सिंह चौक, महावीर चौक यानी शहर के हर चौक चौराहे रिक्शा पड़ाव का अनधिकृत स्थान बन गये हैं. इस पर न ही नगर परिषद और न ही जिला प्रशासन का कोई ध्यान है.
शहर में जिस तरह लगातार रिक्शा-ठेला की संख्या बढ़ती जा रही है. उसके अनुसार सड़कों के चौड़ीकरण की दिशा में न तो काम हो रहा है और न ही पार्किंग के लिए ही कोई योजना ही बन रही है. लिहाजा सड़कों के किनारे के फुटपाथ का ही उपयोग पार्किंग व रिक्शा, गाड़ी के स्टैंड के रूप में किया जा रहा है. जिससे पैदल चलने वालों की परेशानी बढ़ती जा रही है. दिनों-दिन शहर की संकरी होती जा रही सड़क पर आदमी से अधिक रिक्शा ओर ई रिक्शा के दौड़ने के कारण बाजार की सड़क से गुजरना मुश्किल हो गया है. शहर के विभिन्न चौक चौराहों के अलावे वीआइपी एरिया भी अनधिकृत रिक्शा पड़ाव से वंचित नहीं है. समाहरणालय, कचहरी व बैंक गेट के बाहर भी अनधिकृत रूप से रिक्शा पड़ाव का स्थल बन गया है. हर हमेशा समाहरणालय गेट के बाहर ई रिक्शा का जमावड़ा लगा रहता है. इस अवैध पड़ाव को यहां से हटाने की चिंता किसी को नहीं है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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