नाम भी नहीं लिख पातीं आशा

समीक्षा. बकाया राशि मामले की जांच करने पहुंचे अधिकारी सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडलीय अस्पताल में आशा का 75 लाख रुपये बकाया है. कई कारणों से भुगतान नहीं हो पाया है. इनमें से एक कारण यह भी है कई आशा खुद से दावा प्रपत्र भी नहीं भर पाती हैं. इस वजह से उसमें कई त्रुटि रह जाती […]

समीक्षा. बकाया राशि मामले की जांच करने पहुंचे अधिकारी

सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडलीय अस्पताल में आशा का 75 लाख रुपये बकाया है. कई कारणों से भुगतान नहीं हो पाया है. इनमें से एक कारण यह भी है कई आशा खुद से दावा प्रपत्र भी नहीं भर पाती हैं. इस वजह से उसमें कई त्रुटि रह जाती हैं. इससे भुगतान नहीं हो पाता.
सिमरी : सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडलीय अस्पताल मे एनएचएम कार्यक्रम अंतर्गत विभिन्न कार्यक्रमों में आशा द्वारा किये गये कार्यो के वित्तीय वर्ष 2014-15, 2015-16 और 2016-17 के लगभग 75 लाख बकाया भुगतान की राशि के लंबित रहने के कारणों की जांच के लिए क्षेत्रीय अपर निदेशक कोसी प्रमंडल के निर्देश के आलोक में क्षेत्रीय लेखा प्रबंधक विवेक चतुर्वेदी ने अनुमंडलीय अस्पताल पहुंच भुगतान के संबंध में समीक्षा की. समीक्षा में पाया गया कि वित्तीय वर्ष 2014-15 एवं 2015-16 का एचबीएनसी मद में लगभग पच्चीस लाख की राशि का दावा प्रपत्र मार्च 2016 में विलंब से जमा किये जाने के कारण भुगतान नहीं हो सका.
वित्तीय वर्ष 2016-17 में अप्रैल से अगस्त 2016 तक का लगभग चार लाख की राशि भुगतान की जा चुकी है एवं सितंबर 2016 से जनवरी 2017 तक की कुल राशि लगभग 42 लाख की राशि का दावा प्रपत्र विलंब से माह फ़रवरी 2016 में जमा किया गया. जिसमें से लगभग बीस लाख की राशि का दावा प्रपत्र की राशि का सत्यापन किया जा चुका है. जिसका भुगतान सत्रह फ़रवरी तक आशा के खाता में कर दिया जायेगा. शेष लंबित बाइस लाख का भुगतान एक सप्ताह में सत्यापन कर माह के अंत तक भुगतान कर दिया जायेगा.
80 आशा नहीं लिख पाती हैं अपना नाम: बैठक में समीक्षा के क्रम में पाया गया कि बैठक में उपस्थित लगभग दो सौ आशा में से 80 आशा ऐसी थीं, जो अपना नाम भी सही-सही नहीं लिख पाती. लंबित भुगतान की जांच करने पर पाया गया कि ससमय आशा द्वारा दावा प्रपत्र समर्पित नहीं किया जाता है एवं जिनके द्वारा समर्पित किया जाता है उनके दावा प्रपत्र में कमी रहने की वजह से भुगतान नहीं किया जा पा रहा है.
कहते हैं अधिकारी
इस संबंध में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ एन के सिंह द्वारा निर्देश दिया गया है कि पिछले वित्तीय वर्ष के जो भी लंबित भुगतान से संबंधित दावा प्रपत्र जमा नहीं किये गये. वह अविलंब जमा करें. साथ ही यह भी निर्देश दिया गया कि प्रत्येक माह में आशा द्वारा किये गये कार्यो से संबंधित दावा प्रपत्र अगले माह की पांच तारीख तक कार्यालय में जमा करें अन्यथा भुगतान लंबित रहने की समस्त जवाबदेही आशा की होगी.

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