चाणक्यपुरी में नाले की सफाई की नहीं है नीति नगर परिषद के सभापति का है वार्ड, सांसद पप्पू का भी यहीं है कार्यालयबीच में ही अवरुद्ध है नाले का प्रवाह, इधर-उधर फैल रहा है गंदा पानीप्रतिनिधि, सहरसा मुख्यालय शहर के चाणक्यपुरी मुहल्ले में नाले की सफाई की कहीं कोई नीति दिखती ही नहीं है. जबकि नगर परिषद में राजनीति की दृष्टिकोण से यह वार्ड सबसे अधिक महत्वपूर्ण है. क्योंकि यहां के पार्षद नप सभापति भी है. लेकिन वार्ड में किसी भी तरह की नागरिक सुविधा नहीं दिखती है. इस आवासीय मुहल्ले में नाले तो काफी पुराने समय से है. लेकिन सफाई की कोई व्यवस्था नहीं है. लोगों के घरों से निकलने वाले पानी नाले में तो गिरते हैं. लेकिन इधर-उधर ही घुमड़ कर रह जाते हैं. जहां-तहां नालों से पानी का रिसाव होता रहता है. पानी को जहां कहीं भी जगह मिलता है, तालाब बना देता है. सूअर व मच्छरों का अभ्यारण्य बन जाता है. बदबू फैलाते हैं. बीमारी को पास बुलाते हैं. दुर्घटना को खुला निमंत्रण देते हैं. सांसद के होने का भी असर नहींइसी चाणक्यपुरी में मधेपुरा के सांसद पप्पू यादव का कार्यालय भी स्थित है. लेकिन मुहल्ले को इसका कोई लाभ नहीं मिल सका है. डॉ ए रहमान के सामने से बना नाला उत्तर से दक्षिण की ओर जाता है. जो पानी और कीचड़ से लबालब है. शुरू से ही नाला अधिकतर जगहों पर मृतप्राय नजर आता है. आगे बढ़ने पर त्रिमूर्ति इंस्टीच्यूट के बगल में नाले को पूरी तरह जाम कर दिया गया है. लिहाजा पानी वहीं खाली जगह में जा रहा है. तालाब का रूप ले चुके उस जमीन में सूअर विचरते रहते हैं. यह स्थिति कई जगहों पर है. थोड़ा आगे बढ़ने पर ढक्कन से रिस कर नाले का गंदा पानी सड़क पर आ रहा है. मीरा सिनेमा से आगे प्रशांत सिनेमा मोड़ तक नाले व ढक्कन की दयनीय दशा को देखने वाला कोई नहीं है. फोटो- नाला 2- त्रिमूर्ति इंस्टीच्यूट के पास अवरुद्ध है नाला, यहीं खाली जमीन पर बहता है गंदा पानीफोटो- नाला 3- डॉ ए कुमार के क्लिनिक के पास ओवरफ्लो हो रहा नालाफोटो- नाला 4- नाले से रिस कर बाहर सड़क पर आता गंदा पानी
चाणक्यपुरी में नाले की सफाई की नहीं है नीति
चाणक्यपुरी में नाले की सफाई की नहीं है नीति नगर परिषद के सभापति का है वार्ड, सांसद पप्पू का भी यहीं है कार्यालयबीच में ही अवरुद्ध है नाले का प्रवाह, इधर-उधर फैल रहा है गंदा पानीप्रतिनिधि, सहरसा मुख्यालय शहर के चाणक्यपुरी मुहल्ले में नाले की सफाई की कहीं कोई नीति दिखती ही नहीं है. जबकि […]
