सिमरी बख्तियारपुर (सहरसा). 30वें श्रावणी मटेश्वर महोत्सव-2026 के तहत आयोजित चार दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम को लेकर तैयारियां पूरी हो गयी हैं. गुरुवार को 216 फीट लंबा विशाल कांवर राजघाट, मुंगेर के लिए रवाना किया गया. शुक्रवार सुबह विधिवत पूजा-अर्चना के बाद राजघाट से बाबा मटेश्वर धाम तक कांवर पदयात्रा शुरू होगी. इसमें हजारों शिवभक्तों के शामिल होने की संभावना है. कांवर के रवाना होते ही मंदिर परिसर बोल बम और हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा. श्रद्धालुओं में आयोजन को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला.
17 प्राचीन मंदिरों की झांकी से सजेगा विशाल कांवर
इस बार मुंगेर के राजघाट से बाबा मटेश्वर धाम तक निकलने वाली 216 फीट लंबी कांवर पदयात्रा विशेष आकर्षण का केंद्र रहेगी. पहली बार विशाल कांवर पर 17 प्राचीन मंदिरों की भव्य झांकी एक साथ सजायी जाएगी. इससे कांवर यात्रा को धार्मिक के साथ-साथ सांस्कृतिक स्वरूप भी मिलेगा. आयोजन समिति के अनुसार पदयात्रा में बड़ी संख्या में शिवभक्त शामिल होंगे.
पूजा-अर्चना के बाद शुक्रवार सुबह शुरू होगी पदयात्रा
गुरुवार को विशाल कांवर को राजघाट के लिए रवाना किया गया. शुक्रवार सुबह राजघाट में विधिवत पूजा-अर्चना के बाद शिवभक्त कांवर लेकर बाबा मटेश्वर धाम के लिए पदयात्रा शुरू करेंगे. यात्रा के दौरान भक्तों के बीच धार्मिक उत्साह और आस्था का माहौल रहेगा. आयोजन समिति की ओर से यात्रा को सफल बनाने के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गयी हैं.
6 सितंबर को जलाभिषेक और महाआरती से होगा समापन
महोत्सव के अंतिम दिन 6 सितंबर को बाबा मटेश्वर धाम में जलाभिषेक, महाआरती और विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया जाएगा. इसके साथ ही भव्य जागरण और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे. धार्मिक आयोजन में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं के लिए निशुल्क महाप्रसाद, विश्राम, भजन-कीर्तन सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गयी है.
श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील
आयोजन समिति ने अधिक से अधिक शिवभक्तों से ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन में शामिल होने और बाबा मटेश्वर का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है. समिति के सदस्यों ने बताया कि महोत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह है. आयोजन को भव्य और सफल बनाने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गयी हैं.
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