नोखा (रोहतास). करबला के मैदान सजने लगे. युद्ध कौशल में अपनी महारत का जौहर दिखने के लिये खिलाड़ी बेताब है. कई माह से अखाड़े का समान लाठी तलवार सहित कई साजो-सामान निकलने लगे हैं. करबला में खलीफा के नेतृत्व में हैरतअंगेज कारनामे के खिलाड़ियों ने अभ्यास शुरू कर दिया है. प्रखंड में 22 जगहों पर मुहर्रम का ताजिया रखा जाता है. वहीं, चनकी गांव में एक घर भी मुसलिम नहीं रहने के बाद भी ग्रामीणों द्वारा पर्व को मनाने की तैयारी तेज कर दी है.
सजने लगा करबला का मैदान
नोखा (रोहतास). करबला के मैदान सजने लगे. युद्ध कौशल में अपनी महारत का जौहर दिखने के लिये खिलाड़ी बेताब है. कई माह से अखाड़े का समान लाठी तलवार सहित कई साजो-सामान निकलने लगे हैं. करबला में खलीफा के नेतृत्व में हैरतअंगेज कारनामे के खिलाड़ियों ने अभ्यास शुरू कर दिया है. प्रखंड में 22 जगहों पर […]
