प्रशासन के प्रतिवेदन के आलोक में होगा बनमनखी चीनी मिल पर विचार

बिहार सरकार के संयुक्त ईख आयुक्त ने अपने पत्र में किया खुलासा

बिहार सरकार के संयुक्त ईख आयुक्त ने अपने पत्र में किया खुलासा

कहा- जिलाधिकारी से प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का किया गया है अनुरोध

पूर्णिया. जिला प्रशासन के प्रतिवेदन और प्रस्ताव के आलोक में बनमनखी चीनी मिल को चालू किए जाने पर विचार किया जाएगा. नीति निर्धारण के लिए गठित उच्चस्तरीय समिति इस पर विचार करेगी. बिहार सरकार के संयुक्त ईख आयुक्त ने पूर्णिया सिविल सोसाइटी अध्यक्ष को दिए पत्र में इस बात का उल्लेख किया है. इससे पहले सिविल सोसाइटी द्वारा पत्र भेजकर बिहार में नई चीनी मिलों की स्थापना और बंद पड़ी चीनी मिलों के पुनरुद्धार की बन रही योजना में जिले के बनमनखी को शामिल नहीं किए जाने पर गहरी नाराजगी जतायी गई थी. इससे यह संभावना जतायी जा रही है कि प्रशासनिक प्रतिवेदन के बाद सकारात्मक पहल हो सकती है. इस पत्र के जवाब में बिहार सरकार के संयुक्त ईख आयुक्त ने लिखा है कि बनमनखी में नये चीनी मिल स्थापित करने के संबंध में राज्य सरकार द्वारा सात निश्चय-3 के तहत समृद्ध उद्योग सशक्त बिहार अंतर्गत राज्य में पुरानी बंद पड़ी चीनी मिलों को चरणबद्ध रूप से चालू करने तथा नयी चीनी मिलों की स्थापना करने का निर्णय लिया गया है. उन्होंने बताया है कि मुख्य सचिव, बिहार की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समिति गठित की गई है. समिति द्वारा राज्य में नयी चीनी मिलों की स्थापना एवं पुराने बंद पड़े चीनी मिलों के पुनरूद्धार से संबंधित नीति निर्धारण कार्य योजना तैयार किया जा रहा है. ईख आयुक्त ने पत्र में स्पष्ट किया है कि राज्य में बनमनखी चीनी मिल के पुनरूद्धार के लिए पूर्णिया के जिलाधिकारी से प्रतिवेदन व प्रस्ताव उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया है.

चीनी मिल को ले लिखा गया था पत्र

दरअसल, पूर्णिया सिविल सोसायटी के अध्यक्ष अरविन्द कुमार सिंह ने मुख्य मंत्री और बिहार सरकार के संयुक्त ईख आयुक्त समेत सभी सम्बन्धित अधिकारियों को पत्र लिखा था. पत्र में श्री सिंह ने कहा है कि राज्य में पुरानी बंद पड़ी चीनी मिलों को चरणबद्ध रूप से चालू करने तथा नयी चीनी मिलों की स्थापना करने के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया गया है, जिसका उद्देश्य गन्ना उद्योग को गति देना, किसानों की आय को बढ़ाना और रोजगार के अवसर का सृजन करना है. पत्र में इसे दुर्भाग्य बताते हुए कहा गया है कि सरकार की उपेक्षित रवैये के कारण समाप्त हुए बनमनखी चीनी मिल को इस योजना में शामिल नहीं किया गया है.

ईख की खेती की संभावनाएं अपार

सिविल सोसायटी के अध्यक्ष श्री सिंह ने कहा है कि बनमनखी के इर्द-गिर्द के क्षेत्रों में ईख की खेती की संभावनाएं अपार हैं और कृषि अनुसंधान के अनुसार भी यह इलाका गन्ने के लिए उपजाऊ है. सिविल सोसायटी ने इस दृष्टि से बनमनखी में एक नयी चीनी मिल की स्थापना को नई योजना में शामिल करने का अनुरोध किया है. अध्यक्ष श्री सिंह ने कहा है कि बनमनखी में चीनी मिल की स्थापना से सीधे तौर पर गन्ने की खेती से किसानों की अच्छी खासी आमदनी बढ़ेगी और हजारों युवाओं को नौकरी मिलेगी. ग्रामीण इलाकों की आर्थिक विकास के क्षेत्र में और प्रगति करेगी.

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