नौ से 14 आयुवर्ग की बालिकाओं को लगा एचपीवी टीका

पूर्णिया

पूर्णिया. बढ़ती उम्र के साथ महिलाओं को गर्भाशय व ग्रीवा कैंसर की समस्या से बचाने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा किशोरावस्था में ही बच्चियों के लिए एचपीवी टीकाकरण की व्यवस्था की गयी है. इसी कड़ी में सम्पूर्ण जिले में 09 से 14 आयुवर्ग की बालिकाओं को भविष्य में गर्भाशय के ग्रीवा कैंसर से सुरक्षित रखने के लिए सभी प्रखंडों में ह्यूमन पेपीलोमा वायरस (एचपीवी) टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है. इसके तहत जिले के विभिन्न क्षेत्रों के विद्यालयों में कैम्प आयोजित कर 09 से 14 आयुवर्ग की बालिकाओं को टीका लगवाया जा रहा है. इसी दौरान जिले के कसबा प्रखंड स्थित आदर्श रामानंद मध्य विद्यालय गढ़बनैली में जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ विनय मोहन, कसबा प्रखंड के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ कृष्ण मोहन दास, स्थानीय वार्ड पार्षद दीपक कुमार दिवाकर और विद्यालय प्रधानाध्यापक जलज लोचन की उपस्थिति में 09 से 14 आयुवर्ग की 250 बालिकाओं को एचपीवी टीका लगा कर इस अभियान की शुरुआत की गयी. स्वास्थ्य अधिकारियों और कर्मियों द्वारा शुक्रवार तक आदर्श रामानंद मध्य विद्यालय गढ़बनैली की 196 बालिकाओं को एचपीवी के पहले डोज का टीका लगाया गया जबकि अन्य बालिकाओं को टीका लगाने की सुविधा लगातार जारी है.

कसबा में 250 बच्चियों के टीकाकरण का लक्ष्य

कसबा के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ कृष्ण मोहन दास ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर एक गंभीर बीमारी है जिसकी जानकारी संबंधित महिलाओं को ज्यादा उम्र के बाद होती है जिसके बाद उपचार कराना बहुत मुश्किल होता है. सर्वाइकल कैंसर को गर्भाशय के ग्रीवा या बच्चेदानी के मुंह का कैंसर कहा जा सकता है. शुरुआत में हीं बालिकाओं को आनेवाले समय में इस बीमारी से सुरक्षित रखने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा देश में ह्यूमन पेपीलोमा वायरस (एचपीवी) टीकाकरण की शुरुआत की गई है. फिलहाल कसबा में 250 बच्चियों के टीकाकरण का लक्ष्य रखा गया है.

निजी क्षेत्र में टीका है मंहगा

निजी क्षेत्र के अस्पताल में यह टीका लगवाना मंहगा है. मिली जानकारी के अनुसार इस टीका के लिए लोगों को पांच हजार रुपया से अधिक प्रति डोज खर्च करने होते हैं. जबकि सरकारी तौर पर यह व्यवस्था बिलकुल निःशुल्क है. डीआईओ जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ विनय मोहन ने बताया कि एचपीवी टीका बालिकाओं को 30 वर्ष के बाद गर्भाशय के ग्रीवा कैंसर ग्रसित होने से सुरक्षित रखता है. इसके लिए छः महीने के अंतराल पर टीका का 02 डोज लगाना आवश्यक है. सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षित रहने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा इसे सरकारी अस्पतालों के माध्यम से 09 से 14 वर्ष की बालिकाओं के लिए मुफ्त उपलब्ध कराने के लिए यह अभियान शुरू किया गया है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SATYENDRA SINHA

SATYENDRA SINHA is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >