पूर्णिया से विकास वर्मा की रिपोर्ट
Dowry Harassment: बिहार में कड़े कानूनी प्रावधानों के बावजूद दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं. ताजा सनसनीखेज मामला पूर्णिया जिले के जलालगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत गोहमा गांव से प्रकाश में आया है. यहां ससुराल वालों द्वारा मनमुताबिक पलंग, कुर्सी और सोने के आभूषणों की मांग की जा रही थी. मांग पूरी नहीं होने पर ससुराल पक्ष के लोगों ने हैवानियत की सारी हदें पार करते हुए अपनी ही बहू को लात-घूंसों से पीट-पीटकर अधमरा कर दिया. पीड़िता को चिंताजनक स्थिति में राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (GMCH) पूर्णिया में भर्ती कराया गया है, जहां आपातकालीन वार्ड में उसका इलाज चल रहा है.
दो साल पहले हुई थी शादी, मांग को लेकर लगातार किया जा रहा था प्रताड़ित
पीड़िता की शादी की पृष्ठभूमि और प्रताड़ना के कारणों का सिलसिलेवार विवरण निम्नलिखित है:
- ससुराल पक्ष की नाखुशी: जानकारी के अनुसार, पीड़िता की शादी दो वर्ष पूर्व गोहमा निवासी मोहम्मद मुमताज के पुत्र मोहम्मद आजाद के साथ मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार हुई थी. शादी के वक्त मायके वालों ने अपनी क्षमता के अनुसार उपहार, गाड़ी और नकद रुपये दहेज के रूप में दिए थे. इसके बावजूद ससुराल के लोग खुश नहीं थे.
- लगातार बढ़ रही थी मांग: शादी के कुछ समय बाद से ही सास, ससुर और देवर द्वारा महिला पर मायके से नया पलंग, कुर्सी और सोने के आभूषण लाने का मानसिक दबाव बनाया जाने लगा. महिला जब भी इस अवैध मांग का विरोध करती, तो उसे शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था.
मर्यादा भूले सास-ससुर, जमीन पर पटककर लात-घूंसों से बरसाए
विवाद का खौफनाक मोड़: पीड़िता और उसके मायके वालों के अनुसार, रविवार सुबह इसी मांग को लेकर घर में विवाद शुरू हुआ. देखते ही देखते ससुराल वाले अपनी मर्यादा भूल गए. मांग पूरी न होते देख सास अस्मती, ससुर मोहम्मद मुमताज और देवर मोहम्मद शहजाद ने एकमत होकर महिला पर जानलेवा हमला बोल दिया. आरोपियों ने महिला को जमीन पर पटक दिया और लात-घूंसों से बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया.
बचाने आए पति को भी पीटा, मासूम को जड़ा चांटा
पति का मिला साथ:
जीएमसीएच (GMCH) में दर्द से कराह रही पीड़िता ने बताया कि इस पूरी प्रताड़ना में उसके पति मोहम्मद आजाद उसके साथ खड़े हैं. घटना के वक्त जब महिला की चीख-पुकार सुनकर उसके पति बीच-बचाव करने और अपनी पत्नी को बचाने पहुंचे, तो आक्रोशित सास, ससुर और देवर ने अपने ही बेटे (महिला के पति) के साथ भी मारपीट शुरू कर दी. हद तो तब हो गई जब आरोपियों ने महिला के एक मासूम बच्चे को भी बेरहमी से चांटा जड़ दिया.
अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद थाने में दर्ज होगी एफआईआर
कानूनी कार्रवाई की तैयारी:
घटना की भनक लगते ही विवाहिता के मायके वाले आनन-फानन में गोहमा गांव पहुंचे और स्थानीय ग्रामीणों की सक्रिय मदद से लहूलुहान महिला को उठाकर जीएमसीएच पूर्णिया लेकर आए. डॉक्टरों के मुताबिक, महिला के शरीर पर कई गंभीर अंदरूनी चोटें आई हैं, जिसके कारण उसे विशेष चिकित्सा निगरानी में रखा गया है.
पीड़िता के पति मोहम्मद आजाद ने बताया कि वे पूरी तरह अपनी पत्नी के साथ हैं. उन्होंने स्पष्ट कहा कि अस्पताल से पत्नी को छुट्टी (डिस्चार्ज) मिलने के तुरंत बाद वे जलालगढ़ थाना पहुंचकर आरोपी मां, पिता और भाई के खिलाफ नामजद प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराएंगे और पुलिस प्रशासन से इस क्रूर कृत्य के लिए सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग करेंगे.
