कर्ज लेने में पूर्णिया, किशनगंज के लोग आगे, जानें बिहार के किस जिले के लोग लेते हैं सबसे कम कर्ज

बिहार का साख-जमा अनुपात (सीडी) 50.60% है,जबकि पूर्णिया,अररिया, किशनगंज और कटिहार का यह अनुपात 60% से अधिक है. इसमें सबसे अधिक सीडी अनुपात पूर्णिया का 80.55% है, जो न केवल राज्य बल्कि राष्ट्रीय औसत 78.03% से भी अधिक है.

By Prabhat Khabar Print Desk | October 21, 2022 7:14 AM

कैलाशपति मिश्र, पटना. लोन लेने में पूर्वी बिहार के लोग आगे हैं. नतीजतन पूर्वी बिहार का साखजमा अनुपात राज्य के औसत से अधिक है. राज्य का साख-जमा अनुपात (सीडी) 50.60% है,जबकि पूर्णिया,अररिया, किशनगंज और कटिहार का यह अनुपात 60% से अधिक है. इसमें सबसे अधिक सीडी अनुपात पूर्णिया का 80.55% है, जो न केवल राज्य बल्कि राष्ट्रीय औसत 78.03% से भी अधिक है. वहीं, मुंगेर,नालंदा,भोजपुर, शेखपुरा, अरवल, जहानाबाद और सारण के लोग लोन लेने में राज्य के औसत से काफी पीछे हैं. पूर्वी बिहार का एनपीए राज्य के एनपीए 11.50% से कम है.

पूर्वी बिहार के जिलों का साख-जमा अनुपात

जिला जमा लोन अनुपात

करोड़ करोड़ %

  • पूर्णिया 7735 6230 80.55

  • अररिया 4584 3395 74.06

  • किशनगंज 3205 2166 67.59

  • कटिहार 6628 4147 62.58

  • बिहार 422411 213724 50.60

कम साख-जमा अनुपात वाले जिले

जिला जमा लोन अनुपात

करोड़ करोड़ %

  • मुंगेर 7845 2561 32.65

  • नालंदा 10800 3956 36.63

  • भोजपुर 11474 4302 37.49

  • शेखपुरा 2606 981 37.65

  • बिहार 422411 213724 50.60

एमएसएमइ सेक्टर में अधिक लोन वितरण

पूर्वी बिहार में बैंकों ने प्राथमिक सेक्टर में जरूरत के हिसाब से लोन दिये हैं. पूर्णिया जिला का लीड बैंक एसबीआइ के सूत्राें के अनुसार एमएसएमइ सेक्टर में पिछले वित्तीय वर्ष 2021-22 में लक्ष्य की तुलना में 121% और 2020-21 की तुलना में 118%लोन दिये गये. जहां तक एनपीए की बात है तो पूर्णिया का एनपीए भी 8.75% ही है.

3100 करोड़ लोन बांटे जायेंगे

पूर्वी बिहार के लोगों को अल्पसंख्यकों के लिए चलायी जा रही प्रधानमंत्री अल्पसंख्यक लोन योजना के भी लाभ मिलता है. इस योजना के तहत 30 जून ,2022 तक पूर्णिया में 64 करोड़, अररिया में 92करोड़, किशनगंज में 60 करोड़ और कटिहार में 47करोड़ बतौर लोन बांटे गये हैं, जबकि चालू वित्तीय वर्ष के अंत तक 3100 करोड़ लोन बांटे जायेंगे.

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