Prabhat Khabar Pratibha Samman 2026: पटना के श्रीकृष्ण मेमोरियल हॉल में बुधवार को प्रभात खबर प्रतिभा सम्मान 2026 का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का शुभारंभ सीएम सम्राट चौधरी, शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी, प्रभात खबर के प्रधान संपादक अंकित शुक्ला समेत मंच पर मौजूद अन्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया.
शिक्षा मंत्री बोले- बिहार ज्ञान की धरती
इस दौरान अपने भाषण में शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा, प्रभात खबर ने सम्मान समारोह अभियान चलाकर मेधावी छात्रों को सम्मान देने का काम किया है. मैं सम्मान पाने और देने वालों का अभिनन्दन करता हूं. बिहार ज्ञान की धरती है. बिहार में नालंदा विक्रमशीला है, जिसने दुनिया को ज्ञान देने का काम किया है.
प्रभात खबर के प्रयास की सराहना की
आगे शिक्षा मंत्री ने यह भी कहा, हमें हर घर से एक राजेंद्र प्रसाद जैसा प्रतिभवान छात्र निकालना है. हम मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में काम कर रहे हैं. हम बिहार के सबसे अंतिम पंक्ति में बैठे छात्रों को भी उच्च शिक्षा देना है. हमने सभी बोर्ड के रिजल्ट को देखा है, लेकिन प्रतिभा केवल बिहार में है. प्रभात खबर के इस प्रयास की हम सराहना करते हैं.
मिथिलेश तिवारी बोले- मुगल नहीं गूगल का जमाना
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने यह भी कहा, अभी तक आपकी पढ़ाई एक दायरे में थी, लेकिन अब आपको ब्रह्मांड की जानकारी लेनी है. अब मुगल नहीं गूगल का जमाना है. लेकिन मोबाइल का सावधानी से इस्तेमाल करना है. हमें आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता है. शिक्षा मंत्री ने इस दौरान सीएम सम्राट चौधरी की भी तारीफ की. उन्होंने कहा, मुख्यमंत्री के पास हम कोई भी प्रस्ताव लेकर जाते हैं तो तुरंत स्वीकृत होता है. शिक्षा मंत्री ने उन सभी माता-पिता को भी प्रणाम किया, जिनकी वजह से बच्चे आगे बढ़ रहे हैं.
सीएम सम्राट ने कार्यक्रम में क्या कहा?
कार्यक्रम में पहुंचे सीएम सम्राट चौधरी ने भारत माता की जय के अपने संबोधन की शुरुआत की. साथ ही प्रतिभावान छात्रों का सीएम ने स्वगात किया और अभिभावकों को सीएम सम्राट ने बधाई दी. पिछले कई सालों से बिहार-झारखंड के प्रतिभावान छात्रों को खोजकर सम्मानित करने के लिए सीएम ने प्रभात खबर को विशेष धन्यवाद दिया. उन्होंने आगे कहा कि हमारे बच्चे जहां जाएंगे वहां टॉप करेंगे. ये हमारे जीन में है. देश-दुनिया में टॉप और बॉटम दोनों हम ही हैं. अधिकारी भी हम और मजदूर भी हम ही हैं.
