Patna News: बिहार की राजधानी पटना जिले के फुलवारी शरीफ थाना क्षेत्र में शनिवार को शराब के नशे में धुत कार सवार युवकों ने जमकर उपद्रव मचाया. फुलवारी शरीफ थाने और शहीद भगत सिंह चौक से महज 50 से 100 मीटर की दूरी पर नया टोला बिस्कुट दुकान के पास अनियंत्रित कार ने कई राहगीरों को धक्का मारने के साथ-साथ कई गाड़ियों को टक्कर मार दी. इसके बाद कार के एक दुकान में घुसने की कोशिश करने पर स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और उग्र भीड़ ने कार सवार दोनों युवकों की जमकर पिटाई कर दी.
पुलिस के सामने होती रही पिटाई
घटना के बाद आक्रोशित भीड़ इस कदर उग्र हो गई कि सफेद रंग की कार में सवार दोनों युवकों की बेरहमी से पिटाई शुरू कर दी गई. पिटाई के दौरान युवकों के कपड़े तक फट गए और वे अर्धनग्न स्थिति में आ गए। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस उन्हें भीड़ से बचाकर गाड़ी में बैठाने का प्रयास करती रही, लेकिन नशे में धुत चालक पुलिसकर्मियों से ही हाथापाई और धक्का-मुक्की करने लगा. बेकाबू भीड़ ने कार को भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया. पुलिस को उग्र लोगों के चंगुल से दोनों युवकों को निकालने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी.
फुलवारी शरीफ के ही रहने वाले हैं दोनों युवक
काफी देर तक चले हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद पुलिस किसी तरह जख्मी युवकों को भीड़ से निकालकर इलाज के लिए अस्पताल ले गई. मारपीट में दोनों युवक बुरी तरह घायल हुए हैं. सूत्रों के अनुसार, कार में टमटम पड़ाव (फुलवारी शरीफ) निवासी रविंद्र कुमार का बेटा रंजीत कुमार और बिड़ला कॉलोनी (फुलवारी) निवासी घनश्याम चौहान का बेटा रंजीत चौहान सवार थे. दोनों अत्यधिक शराब के नशे में धुत थे. हालांकि, दोनों में से कार कौन चला रहा था, यह फिलहाल पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सका है.
थाने से चंद कदम की दूरी पर हुई घटना
थाने और पुलिस पिकेट से महज कुछ ही दूरी पर हुई इस घटना ने स्थानीय पुलिस की चौकसी और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. मुख्य बाजार और बिस्कुट दुकान के पास शाम के वक्त भीड़ होने के बावजूद नशेड़ियों के उत्पात मचाने और भीड़ द्वारा पुलिस के सामने कानून हाथ में लेने से प्रशासनिक व्यवस्था की पोल खुल गई है. मामले में गिरफ्तारी और आगे की कानूनी कार्रवाई के संबंध में पूछने पर फुलवारी शरीफ थाने या ट्रैफिक पुलिस का कोई भी अधिकारी स्पष्ट जानकारी देने से बचता नजर आया.
